सोनभद्र। कोरोना महामारी से जनपदवासियों को बचाने के लिए प्रशासन ने पूरी ताकत झोंक दी है। इसी का नतीजा रहा कि जिले में कोरोना पाजिटिव का अब तक एक भी मरीज नहीं मिला। क्वारंटीन सेंटरों में ठहराए गए लोगों में से खांसी, जुकाम, बुखार आदि की शिकायत पर 346 लोगों के सैंपल जांच के लिए बीएचयू भेजे गए हैं। इनमें से 308 की रिपोर्ट निगेटिव आ गई हैं। शेष लोगों के रिपोर्ट का इंतजार किया जा रहा है। इस बीच हरियाणा से आए 24 श्रमिकों को क्वारंटीन कर दिया गया है। उनके सैंपल लेकर जांच के लिए बीएचयू भेजे जाने की तैयारी है। उधर, कनहर परियोजना में काम कर रहे आठ श्रमिक पैदल ही मुरादाबाद अपने गांव के लिए रवाना हो गए। इसकी जानकारी मिलने पर प्रशासन व पुलिस के अधिकारी सक्रिय हुए। सभी आठ श्रमिकों को राबर्ट्सगंज में पकड़कर क्वारंटीन कर दिया गया।
दुद्धी तहसील क्षेत्र में शुरू हुई एक परियोजना में काम कर रहे आठ श्रमिक पैदल ही सोमवार को मुरादाबाद अपने गांव के लिए निकल पड़ें। इसकी जानकारी मिलते ही पुलिस सक्रिय हो गई और सभी को राबट्र्सगंज में कोतवाल मिथिलेश मिश्रा पकड़ कर कोतवाली ले गए। यहां से श्रमिकों को क्वारंटीन सेंटर ले जाकर उनको रखवा दिया गया। इनके अलावा सोनभद्र के जो श्रमिक हरियाणा रोजगार के सिलसिले में गए थे, उनमें से करीब 24 को वहां से बस में सवार कराकर यहां भेजा गया। राबट्र्सगंज स्थित बिमला इंटर कॉलेज में एडीएम योगेंद्र बहादुर सिंह, एएसपी ओपी सिंह, एसडीएम यमुनाधर चौहान और सीओ राजकुमार की मौजूदगी में स्वास्थ्य विभाग की टीम ने हरियाणा से आए श्रमिकों का स्वास्थ्य परीक्षण किया। इसके बाद सभी मजदूरों को क्वारंटीन कर दिया गया। एडीएम ने बताया हरियाणा से बस में एक व्यक्ति सोनभद्र का नाम-पता लिखवा कर सवार हुआ था। लेकिन वह मिर्जापुर में उतर कर चला गया।