रीवा गैस एजेंसी के 100 क्यूबिक मीटर प्रति घंटा आक्सीजन उत्पादन वाले प्लांट को एनटीपीसी विंध्याचल के सहयोग से बृहस्पतिवार रात चालू कर लिया गया। संयंत्र हीट एक्सचेंजर में आई खराबी के बाद बंद हो गया था।
ऊर्जांचल में कोविड-19 के मरीजों को बड़ी मात्रा में आक्सीजन की उपलब्धता बलियरी (सिंगरौली) स्थित रीवा गैस एजेंसी के जरिये होती है। यहां की प्राणवायु सोनभद्र व सिंगरौली सहित कई जिलों के मरीजों के लिए संजीवनी बनी है। बताया जा रहा है कि बुधवार को हीट एक्सचेंजर में खराबी आने के बाद प्लांट बंद हो गया। इससे प्रशासनिक स्तर पर हड़कंप मच गया था। सिंगरौली डीएम राजीव रंजन मीना ने एनटीपीसी के महाप्रबंधक (मानव संसाधन) उत्तम लाल को फोन कर मदद मांगी। पावर प्रोजेक्ट के कार्यकारी निदेशक मुनीश जौहरी तक बात पहुंची तो इंजीनियरों की पूरी टीम संसाधनों के साथ सक्रिय हो गई। इसके उपरांत महाप्रबंधक (ओएंडएम) सोमेस बंदोपाध्याय के दिशा निर्देशन में एनटीपीसी विंध्याचल ने नया हीट एक्सचेंजर उपलब्ध कराया और उपयोगिता मुताबिक प्लांट में सफल तरीके से स्थापित किया। इसके बाद आक्सीजन का उत्पादन शुरू हो पाया। इस कार्य में उप महाप्रबंधक (ईएमडी) आशीष कुमार अग्रवाल एवं उप महाप्रबंधक (टीएमडी ऑफ साइट) मनोज कुमार की भूमिका सराहनीय रही। सिंगरौली में चार ऑक्सीजन प्लांट हैं जिसमें रीवा गैसेस का संयंत्र भी है। इन संयंत्रों से सोनभद्र, सिंगरौली सहित मध्यप्रदेश के कई जिलों में भी ऑक्सीजन की आपूर्ति निर्बाध रूप से होती है।