सोनभद्र। बेरोजगार युवाओं को रेलवे में नौकरी का झांसा देकर ठगी करने के आरोपी समसुद्दीन उर्फ डब्बू को पुलिस ने बृहस्पतिवार को बढ़ौली चौक के निकट मंडी गेट के पास से गिरफ्तार कर लिया। उस पर सीआईडी अफसर बनकर भी नौकरी के नाम पर ठगी का आरोप है। आरोपी एक साल से फरार चल रहा था। पुलिस कुर्की की कार्रवाई में जुटी थी।
करमा थाना क्षेत्र के सेमरी गांव निवासी विपिन मिश्र ने सितंबर 2024 में न्यायालय के जरिये बभनी निवासी समसुद्दीन उर्फ डब्बू (42) पर धोखाधड़ी का केस दर्ज कराया था। बताया था कि उसकी पहचान छपका स्थित एक दुकान पर समसुद्दीन से हुई थी। उसने खुद को सीआईडी आफिसर बताया था। उसके कार पर भी सीआईडी का मोनोग्राम लगा था। भरोसे में लेकर उसने उससे रेलवे में नौकरी लगवाने के बदले चार लाख रुपए लिए। इसके बाद कई बार में अपने खाते में 3.58 लाख रुपये, जबकि 50 हजार रुपये नकद लिए। जनवरी 2023 में फर्जी नियुक्ति पत्र व्हाटसएप पर भेजा। इसके बाद जॉइनिंग को बहाने बनाकर टालता रहा। फिर समसुद्दीन भर्ती कैंसिल होने की बात करते हुए पैसा लौटाने का आश्वासन देता रहा। इस मामले में कोर्ट के आदेश पर रॉबर्ट्सगंज पुलिस ने सितंबर 2024 में ठगी, धोखाधड़ी, जालसाजी सहित अन्य धाराओं में केस दर्ज किया था। आरोपी तब से फरार चल रहा था। कोर्ट के आदेश पर पुलिस ने मई में उसके घर कुर्की का नोटिस चस्पा किया था। बृहस्पतिवार को वह बढ़ौली चौक के निकट मंडी गेट के पास खड़ा था। वह कचहरी में जाने वाला था। लोढ़ी चौकी प्रभारी संजय सिंह ने आरोपी को गिरफ्तार कर लिया। आरोपी वर्तमान में मूल पते के बजाए म्योरपुर थाना क्षेत्र के किरवानी में रहता था।