सोनभद्र। लगातार तेज बारिश से बांधों का जलस्तर फिर से बढ़ने लगा है। इसके चलते ओबरा बांध का एक गेट शुक्रवार को खोल दिया गया। रिहंद बांध भी अधिकतम जलस्तर 870 फीट से महज चार सेमी ही नीचे है। उधर, मप्र के बाणसागर बांध से भी साेन नदी में भारी मात्रा में पानी छोड़ा गया है। इससे तटवर्ती इलाकों में अलर्ट कर दिया गया है।
जिले के पहाड़ी व वन क्षेत्रों में लगातार बारिश से नदी, तालाब और जलाशय पहले ही भर चुके हैं। अब फिर से बारिश शुरू होने के कारण बांधों पर दबाव बढ़ रहा है। एहतियात के तौर पर गेट पर पानी निकाला जा रहा है। शुक्रवार को ओबरा बांध के एक गेट से 2300 क्यूसेक पानी छोड़ा गया। वहीं धंधरौल बांध से नहर के जरिए 939 क्यूसेक पानी निकाला जा रहा है। एशिया के सबसे बड़े जलाशय रिहंद का जलस्तर भी 869.6 फीट तक पहुंच गया है। इस बांध का अधिकतम जलस्तर 870 मीटर है। इस स्तर पर पहुंचते ही रिहंद के गेट भी खोल दिए जाएंगे।
कैचमेंट एरिया में लगातार हो रही बारिश के चलते सिंचाई विभाग के अधिकारी सतर्क हो गए हैं। बांध की सभी टरबाइन को चलाकर 17451 क्यूसेक पानी निकाला जा रहा है। दूसरी ओर मप्र में स्थित बाणसागर बांध का जलस्तर 341.64 मीटर पहुंचने के बाद बांध के दो गेट आधा मीटर तक खोले गए। इसके जरिए सोन नदी में 211 क्यूसेक पानी छोड़ा गया है।