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Sonebhadra News: पर्स की तरह मोबाइल भी सुरक्षित रखें, अनजान लिंक पर न करें क्लिक

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महज एक कॉल या एक क्लिक आपकी जीवन भर की जमा पूंजी छीन सकती है। अगर आप सचेत नहीं है तो मोबाइल में मौजूद एप भी बगैर किसी गतिविधि के बैंक खाते की रकम उड़ा सकता है।
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इन्हीं विषयों पर पुलिस महकमे की तरफ से मंगलवार को मुख्यालय स्थित एक पैलेस में मेगा सेमिनार (साइबर जागरूकता) का आयोजन किया गया। साइबर सुरक्षा विशेषज्ञों की तरफ से अपराध के तरीके और बचाव की विस्तार से जानकारी दी गई।
लोगों से अपील की गई कि अपने पर्स की तरह ही मोबाइल को भी सुरक्षित रखें। किसी से पैसे लेने के लिए काई लिंक न छूएं। एसपी अभिषेक वर्मा, एएसपी अनिल कुमार, प्रिंसिपल चित्रा जालान ने दीप जलाकर कार्यक्रम का शुभारंभ किया।
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ओमप्रकाश पांडेय पैरा मेडिकल कॉलेज के छात्र-छात्राओं ने शिक्षिका नेहा साहू के निर्देशन में जागरूकता भरे कार्यक्रम की प्रस्तुति दी। एएसपी मुख्यालय अनिल कुमार ने कहा कि खुद तो जागरूक हों ही दूसरों को भी इसको लेकर सचेत करते रहें ताकि लोगों को अनजान कॉल, एप, लिंक के जरिए लुटने से बचाया जा सके।

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बचाव के लिए इन चीजों का रखें खास ख्याल
प्रसिद्ध साइबर सुरक्षा विशेषज्ञ अमित दुबे ने कहा कि अनजान वीडियो काॅल को रिसीव न करने, अनजान काल के जवाब में स्वयं या बैंक खाते के बारे में किसी तरह की जानकारी न देने की सीख तो दी ही। इस बात का ख्याल विशेष रूप से रखने के लिए कहा कि खाते में पैसे आने के लिए किसी एप, किसी लिंक या किसी क्यू आर कोड को स्कैन नहीं करना पड़ता। ऐसे किसी भी तरह के लिंक को न तो क्लिक करें न ही कोई एपीके फाइल वाला एप या अप्लीकेशन ही डाउनलोड करें। किसी भी तरह के भुगतान के लिए किसी भी वेबसाइट, क्यूआर कोड, लिंक की सच्चाई जांच लें। किसी भी एप को ओटीपी, एसएमएस स्वीकार करने की अनुमति न देने, पहचान छिपाने वाले किसी चैट ग्रुप का इस्तेमाल न करने की सीख दी। जीमेल एकांउट को किसी भी दूसरे मोबाइल, लैपटाप में खुला न रखने, सिम पर लॉक लगाने, स्क्राइप ऐप से आने वाली वीडियो कॉल रिसीव न करने की सलाह दी।

महिला संबंधी अपराधों से बचाव के लिए भी दिए गए सुझाव
इस दौरान ऑनलाइन कॉल और सोशल मीडिया के जरिए महिलाओं के साथ किए जा रहे अपराधों से बचाव के सुझाव दिए गए। कहा गया कि कई बार परिचितों के नाम की आड़ लेकर फाल्स काल करते हुए ठगी का शिकार बना लिया जाता है। सोशल मीडिया के जरिए लड़कियों, महिलाओं को प्रेमजाल में फंसाने, उनके भावनाओं से खिलवाड़ करने के अपराधों से भी बचाव के तरीके सुझाए गए।

पुलिस अधिकारियों ने भी दिए टिप्स
इस दौरान डीजीपी वीके सिंह और एडीजी वाराणसी पीयूष मोर्डिया ने जहां वीडियो कांफ्रेंसिंग के जरिए साइबर जागरूकता की अपील की। वहीं एसपी अभिषेक वर्मा ने कहा कि साइबर अपराध से निबटने का सबसे अच्छा तरीका जागरूकता है। एएसपी ने पारस्परिक सहयोग, सीओ सिटी रणधीर मिश्रा ने किसी भी संदिग्ध लिंक या जानकारी को तत्काल रिपोर्ट करने, सीओ ओबरा हर्ष पांडेय ने हमेशा सचेत रहने की सीख दी। इस मौके पर सीओ पिपरी अमित सिंह, सीओ दुद्धी राजेश राय, सीओ सदर राज सोनकर, संगीता श्रीवास्तव, सरिता श्रीवास्तव, सत्यपाल जैन, कौशल शर्मा, राजेश गुप्ता, ओमप्रकाश पांडेय, नरेंद्र गर्ग आदि मौजूद रहे।
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