एनसीएल बीना क्षेत्र के संस्कार भवन में शनिवार रात वार्षिक सांस्कृतिक कार्यक्रम के दौरान अखिल भारतीय कवि सम्मेलन हुआ। कवियों ने विभिन्न सामाजिक मुद्दों पर कविता के माध्यम से लोगों को जागरूक किया।
दिल्ली से आई ख्यातिलब्ध कवयित्री डॉ. कीर्ति काले ने कामकाजी महिलाओं की स्थिति पर ‘संतुलन इस तरह संभलता है, जब भी बाहर कदम निकलता है, खुद को घर में ही छोड़ देती हूं, घर मेरे साथ-साथ चलता है...’ सुनाकर वाहवाही लूटी। गोरखपुर के गीतकार मनमोहन मिश्र ने ‘सच्चे प्रेम में रहता है वो, बच्चों की किलकारी में, पगली दुनिया ढूंढ रही है, उसको चारदीवारी...’ में सुनाकर दर्शकों की तालियां बटोरीं। इनके अलावा दिनेश बावरा मुंबई, चंदन राय, राधेश्याम भारती, मनमोहन मिश्र, डॉ. धर्मप्रकाश, पंकज प्रखर, भूषण त्यागी ने अपनी सर्वश्रेष्ठ रचनाएं पढ़कर श्रोताओं को मंत्रमुग्ध कर दिया। कार्यक्रम में एनसीएल के सीएमडी भोला सिंह, डीएम टीके शिबू, सीसीएफ मिर्जापुर आरएन झा, निदेशक डॉ. अनिंद्य सिन्हा, अध्यक्ष कृति महिला मंडल बिंदु सिंह और उपाध्यक्ष सुचंद्रा सिन्हा आदि उपस्थित रहे। वरिष्ठ साहित्यकार अजय शेखर ने अध्यक्षता की। महाप्रबंधक (बीना) एलपी गोडसे ने स्वागत किया ।