सोनभद्र। अगर रामलीला देखने पहुंची हैं और लौटते वक्त अकेली हो जा रही हैं। साथ में बेटी भी है तो बिल्कुल तनाव न लें। तत्काल पुलिस से मदद मांगे। नजर पड़ने पर पुलिस खुद से भी मदद के लिए हाथ आगे बढ़ाएगी। जरा भी असुरक्षा की स्थिति होने पर एक टीम संबंधित महिला-बेटी को उसके घर छोड़कर आएगी। सभी रामलीला स्थलों के पास पुलिस की मोबाइल यूनिट तैनात करने के साथ ही लीला मंचन खत्म होने के समय क्षेत्रीय पुलिस को संबंधित स्थल के पास विशेष मौजूदगी बनाए रखने के निर्देश दिए गए हैं।
एसपी अभिषेक वर्मा की तरफ से मिशन शक्ति के तहत नवरात्र पर्व को देखते हुए पूजा पंडालों-रामलीला मंचन स्थलों के इर्द-गिर्द सुरक्षा के साथ ही किसी को मदद की जरूरत है तो उसके लिए मौजूदगी-चक्रमण बनाए रखने के निर्देश दिए गए हैं। रामलीला स्थल के अलावा अन्य स्थलों पर भी रात के वक्त कोई महिला-बेटी अकेली जाती दिख रही है तो उसकी मदद के लिए आगे बढ़ने के लिए कहा गया है। इलाका सुनसान है या बातचीत करने पर किसी तरह की दिक्कत समझ में आती है तो उन्हें घर तक सुरक्षित पहुंचाने का निर्देश दिया गया है। इसके लिए पुलिस टीम के साथ महिला कांस्टेबलों की भी ड्यूटी लगाई गई है ताकि कोई महिला या बेटी अपनी बात बेझिझक पुलिस के सामने रख सके।
76 स्थानों पर किया जा रहा रामलीला का मंचन
जिले में 76 स्थानों पर रामलीला का मंचन किया जा रहा है। इसमें मुख्य रूप से कस्बाई इलाके हैं। रात 12 बजे तक लीला का मंचन होने के कारण कई बार ऐसी स्थिति आती है जब किसी महिला या बेटी को अकेले सुनसान इलाके से होकर लंबी दूरी तय करनी पड़ती है। इसके चलते रात के वक्त उनके साथ घटना का खतरा तो रहता ही है महिलाएं-बेटियां भी स्वयं को असुरक्षित महसूस करती नजर आती हैं। उनके साथ इस तरह की स्थिति न आने पाए इसके लिए एसपी की तरफ से सभी क्षेत्राधिकारी, थानाध्यक्ष और चौकी इंचार्जों को रात के वक्त सभी रूटों पर चक्रमण बनाए रखने, खासकर मंचन खत्म होने के समय रामलीला स्थल के आस-पास पुलिस कांस्टेबलों के साथ मौजूदगी बनाए रखने का निर्देश दिया गया है।
महिलाओं-बेटियों की सुरक्षा शासन की पहली प्राथमिकता है। रात के वक्त कोई महिला-बेटी अकेली तो नहीं जा रही, इस पर नजर बनाए रखने, जरूरी सुरक्षा मुहैया कराने, जरूरत समझ में आने पर घर तक सुरक्षित पहुंचाने के निर्देश दिए गए हैं। रामलीला स्थलों के आसपास विशेष सतर्कता-निगरानी के लिए कहा गया है। -अभिषेक वर्मा, एसपी।