निकाय चुनाव की तैयारी में जिला प्रशासन जोर शोर से जुट गया है। निकायों में चुनाव कराने के लिए पोलिंग पार्टियां रवाना करने के लिए प्रशासन को 91 भारी वाहन तथा 54 हल्के वाहनों की आवश्यकता है। प्रशासन की तरफ से वाहनों के अधिग्रहण की कार्रवाई शुरू कर दी गई है। निकायवार वाहनों का अधिग्रहण किया जाएगा। वहीं, चुनाव कराने के लिए कर्मचारियों की संख्या भी सुनिश्चित किए जाने की कार्यवाही चल रही है।
प्रशासन की तरफ से निकाय वार वाहनों का अधिग्रहण किया गया है। इसमें नगर पालिका परिषद (राबर्ट्सगंज) सोनभद्र, नगर पंचायत ओबरा और अनपरा में निकाय चुनाव कराने के लिए सर्वाधिक हल्के और भारी वाहनों की जरूरत है। राबर्ट्सगंज के लिए नौ हल्के वाहन और 20 भारी वाहन आरक्षित किए जाने हैं। वहीं ओबरा में नौ हल्के और 17 भारी वाहन तथा अनपरा में सात हल्के और 13 भारी वाहनों की जरूरत है। इसी तरह से घोरावल नगर पंचायत में चार-चार हल्के व भारी वाहन अधिग्रहित होंगे। जबकि नगर पंचायत चुर्क/गुरमा, पिपरी और डाला बाजार में चार-चार हल्के वाहन और पांच-पांच भारी वाहन चुनाव में लगाए जाने हैं। चोपन में चार हल्के और छह भारी वाहन, दुद्धी में चार हल्के और आठ भारी वाहन, रेणुकूट में पांच हल्के वाहन और आठ भारी वाहनों की जरूरत है। सभी निकायों में चुनाव कराने के लिए कर्मचारियों को वाहनों के जरिए पोलिंग बूथों पर भेजा जाएगा। जिला सहायक निर्वाचन अधिकारी जगरूप सिंह पटेल का कहना है कि जिले के दस निकायों में चुनाव कराने के लिए 54 हल्के वाहन और 91 भारी वाहन लगाए जाने हैं। वाहनों के अधिग्रहण की तैयारी चल रही है।
इतने कर्मियों की चुनाव में होगी आवश्यकता
निकाय चुनाव कराने के लिए 338 पीठासीन अधिकारी और 338 मतदान अधिकारी प्रथम की आवश्यकता होगी। इतने ही कर्मचारियों की जरूरत मतदान अधिकारी द्वितीय एवं तृतीय पद के लिए जरूरी है। इसके अलावा 8002 फीडेड अधिकारियों एवं कर्मचारियों की संख्या है। इन्ही में से कर्मचारियों की ड्यूटी निकाय चुनाव में लगाई जाएगी।