केकराही। माध्यमिक वित्त विहीन शिक्षक महासभा सोनभद्र के पदाधिकारियों की बैठक रविवार को लोढ़ी में सुशील चौबे जिलाध्यक्ष प्रबंधक महासभा की अध्यक्षता में हुई। इसमें जिलाध्यक्ष उमाकांत मिश्र ने प्रस्ताव रखा कि वित्त विहीन शिक्षकों के लिए एक कोष की व्यवस्था बनाई जाए, ताकि शिक्षण कार्य करते समय जान गंवाने वाले शिक्षक, कर्मचारी के परिजनों को राहत राशि प्रदान की जा सके। इसका समर्थन शेषनाथ त्रिपाठी, राम प्रकाश पांडेय ने किया। निर्णय लिया गया कि सभी विद्यालयों पर संपर्क करके प्रति विद्यालय 1100 रुपये शिक्षक सहायतार्थ सहयोग राशि चंदा के रूप में हर साल जुटाई जाएगी। सहयोग राशि प्रदान करने वाले विद्यालय के सभी शिक्षक व कर्मचारी को सुविधा का लाभ दिलाया जाएगा।
इसके लिए दो जिला कार्यकारी अध्यक्ष नामित किए गए। मुख्यांचल के लिए उमाकांत शुक्ल एवं ऊर्जांचल के लिए रामप्रकाश पांडेय का मनोनयन सर्व सम्मति से हुआ। इसी तरह ब्लॉक स्तर पर प्रभारी मनोनीत किए गए। सर्व सम्मति से निर्णय लिया गया कि गैर मान्यता प्राप्त विद्यालयों पर रोक लगाने के लिए सभी पदाधिकारी डीआईओएस एवं जिलाधिकारी से मिलकर ज्ञापन देंगे। यदि तत्काल कार्रवाई नहीं हुई तो धरना प्रदर्शन के लिए रणनीति तैयार की जाएगी।