पड़ताल में यह भी सामने आया कि प्रदीप सिंह बैंक रोड स्थित विंध्यवासिनी कॉलोनी में एक कार्यालय संचालित कर रहा था, जहां से फर्जी शेयर ट्रेडिंग नेटवर्क चलाया जा रहा था। लोगों को भ्रमित करने के लिए कार्यालय के बाहर सोलर फ्रेंचाइजी का बोर्ड लगाया गया था। इस नेटवर्क में करीब 10 युवकों को लगाया गया था, जो लोगों को फोन और ऑनलाइन माध्यम से निवेश के लिए फंसाते थे।
साइबर थाना प्रभारी डीके चौधरी ने बताया कि आरोपी के खिलाफ गोरखपुर में भी इसी तरह की ठगी के कई मामले दर्ज हैं। पुलिस टीम ने बृहस्पतिवार की रात करीब 10:50 बजे एम्स गोरखपुर के पास से आरोपी प्रदीप सिंह (44) को गिरफ्तार कर लिया।
गिरफ्तार आरोपी के कब्जे से दो मोबाइल फोन बरामद किए गए हैं, जिनकी जांच की जा रही है। पुलिस का कहना है कि इस गिरोह में शामिल अन्य आरोपियों की पहचान कर उनकी गिरफ्तारी के प्रयास किए जा रहे हैं। साइबर पुलिस ने लोगों से अपील की है कि किसी भी अनजान लिंक या एप के जरिए निवेश करने से पहले उसकी सत्यता जरूर जांच लें, ताकि इस तरह की ठगी से बचा जा सके।