घोरावल। क्षेत्र के शिल्पी गांव में केंद्रीय विद्यालय के निर्माण के लिए सीमेंट आपूर्ति करने के नाम पर जालसाजों ने एक व्यक्ति से 1.60 लाख रुपये की धोखाधड़ी कर ली। गूगल से नंबर निकालकर उसने सीमेंट कंपनी को फोन किया था। पुलिस ने मामले में दो आरोपियों के खिलाफ केस दर्ज किया है।
शिल्पी निवासी ओमप्रकाश सिंह ने पुलिस को तहरीर देकर बताया कि केंद्रीय लोक निर्माण विभाग की तरफ से केंद्रीय विद्यालय निर्माण के लिए सुल्तानपुर में टेंडर उन्हें आवंटित हुआ। वह फर्म के प्रोपराइटर भी है। उन्हें भारी मात्रा में सीमेंट की आवश्यकता थी। निर्माण कार्य में सीमेंट खरीद के लिए जस्ट डायल पोर्टल पर दर्ज सीमेंट एजेंसी के नान ट्रेड सीमेंट सप्लायर के नंबर पर संपर्क किया।
खुद को अल्ट्राटेक सीमेंट का प्रतिनिधि बताकर अमित नाम के व्यक्ति ने बात की और पूरे सौदे की प्रक्रिया शुरू कर दी। बीते 19 मार्च को मोबाइल फोन पर व्हाट्सएप के माध्यम से परचेज आर्डर मांगा गया। सभी शर्तों पर सहमति बनने के बाद अमित ने मोबाइल नंबर से कुल आर्डर 3.20 लाख रुपये का 50 प्रतिशत एडवांस मांगा।
ओमप्रकाश ने उसके दिए कंपनी के खाते में अलग-अलग तिथियों पर 1.60 लाख रुपये भेज दिए। इसके बाद माल देने में हीलाहवाली की जाने लगी तो उन्हें ठगी का अहसास हुआ। पीड़ित के मुताबिक इस ठगी में अमित और उसका सहयोगी सीनियर अकाउंटेंट अंकुश कुमार सिंह शामिल है। एसओ रामस्वरूप वर्मा ने बताया कि आरोपित कथित सीनियर अकाउंटेंट अंकुश कुमार सिंह और अमित के विरुद्ध मुकदमा दर्ज कर लिया है।