राबर्ट्सगंज न्यू मार्केट में सड़क पर भरा बारिश का पानी।
जिले में पिछले कई दिनों से हो रही बारिश से चारों तरफ पानी ही पानी नजर आ रहा है। गुरुवार को रुक-रुक कर हुई बारिश से राबर्ट्सगंज नगर और आसपास के गांवों की सड़कों पर पानी जमा हो गया। नदी, बांध, बंधी और तालाबों के भर गए। नदी और बांधों के तटवर्ती इलाकों के रहने वालों में दहशत फैल गई है।
पिछले एक सप्ताह से रुक-रुक हो रही बारिश से सोन नदी, बेलन, कनहर, बकहर समेत अन्य नदियां उफान पर हैं। धंधरौल बांध, नगवां बांध समेत सभी बंधी और तालाब भर गए हैं। नदी और बांध तटवर्ती इलाकों मेें रहने वालों को मकानों में पानी न घुसे इसका भय सताने लगा है। गुरुवार को दिन भर बारिश होती रही। राबर्ट्सगंज के इमरती कॉलोनी, बढ़ौली चौक, धर्मशाला चौक, अंबेडकर नगर, विकास नगर, धर्मशाला चौक, सिविल लाइंस रोड, नई बस्ती, चंडी तिराहे के समीप सड़कों पर पानी जमा होने से राहगीरों को आने-जाने में दिक्कतों का सामना करना पड़ा। राबर्ट्सगंज कोतवाली के मेस में पानी घुस गया।
उधर लोढ़ी गांव में कलेक्ट्रेट जाने वाले मार्ग के समीप स्थित एक नाला में बने फाटक के न खुलने से कई मकानों में तीन से पांच फुट तक पानी घुस गया। पानी से राजकुमार, कृष्ण कुमार और श्यामा देवी का हजारों रुपये का गृहस्थी का सामान बर्बाद हो गया। पीड़ितों ने डीएम से फाटक खुलवाने और मुआवजा दिलाने की मांग की है। जिला अस्पताल के आवासीय परिसर में जलनिकासी की व्यवस्था न होने से कई आवासों में पानी घुस गया। आवासों के चारों तरफ पानी होने की वजह से डॉक्टर और कर्मचारियों को काफी मुश्किलों का सामना करना पड़ रहा है। समाचार लिखे जाने तक बारिश जारी रही।