करीब एक पखवारे तक म्योरपुर-बभनी इलाके में आतंक मचाने के बाद हाथी मंगलवार को ऊर्जांचल परिक्षेत्र में पहुंच गया। इस क्षेत्र में घुसते ही लीलाडेवा गांव में हाथी ने एक वृद्ध पर ंहमला कर दिया उसके बाद कुचलकर वृद्ध् को लहूलुहान कर दिया। इसके बाद हाथी पास स्थित तालाब में घुस गया। घायल को आनन-फानन में एनटीपीसी रिहंद के धनवंतरि चिकित्सालय ले जाया गया, जहां चिकित्सकों ने मृत घोषित कर दिया।
छत्तीसगढ़ की ओर से आया हाथी एक पखवारे के भीतर बीजपुर-म्योरपुर क्षेत्र की बड़ी एरिया में फसलों के बर्बाद करने के साथ ही कई मकानों को धराशायी कर चुका है। हाथी को पकड़ने के लिए महावतों की दो टीमें भी बुलाई जा चुकी हैं, लेकिन अब तक हाथी को पकड़ने में कोई सफलता नही मिली है। वन विभाग ग्रामीणों की मदद से हाथी को छत्तीसगढ़ की तरफ भगाने में लगा हुआ है।
सोमवार की रात इसे म्योरपुर से बीजपुर के जंगल एरिया से होते हुए छत्तीसगढ़ की तरफ भगाने की कोशिश हुई लेकिन हाथी लीलाडेवा में घुस गया। मंगलवार की सुबह गांव के तालाब के किनारे पहुंचा तो वहां मौजूद ग्रामीण उसे देखकर भागने लगा। उसी दौरान शौच के लिए तालाब की तरफ आए रामचरन (70) हाथी के सामने आ गए। वृद्ध होने के कारण वह भाग नहीं सके। हाथी ने उन्हें सूंड़ से उठाकर पटक दिया। इसके बाद पैर से उसे कुचल दिया। इसके बाद हाथी पास स्थित तालाब में कूद गए। ग्रामीण रामचरन को अस्पताल ले गए, जहां मृत घोषित कर दिया गया। पुलिस ने चुनावी व्यस्तता के कारण दो दिन बाद ही पोस्ट मार्टम कराने की बात कही, फिलहाल शव को कब्जे में लेने से इंकार कर दिया है। इसके चलते शव अभी अस्पताल में ही पड़ा हुआ है। उधर, इसको लेकर ग्रामीणों में दहशत की स्थिति बनी रही। वन विभाग की एक टीम हाथी को छत्तीसगढ़ की तरफ भगाने में लगी हुई है।