सात दिन पूर्व अतिनक्सल प्रभावित नगवां ब्लॉक के मड़पा गांव के समीप मांची-चरगड़ा के बीच नैनदह नदी मेें बना पुल बह गया। इससे यूपी और बिहार के दर्जनों गांवों का संपर्क जिला मुख्यालय से टूट गया है। ग्रामीणों ने जिला प्रशासन से अविलंब पुल का मरम्मत कराने की मांग उठाई है। चेतावनी दी है कि अगर जल्द ही पुल नहीं बनाया गया तो वह लोग आंदोलन को बाध्य होंगे।
पांच वर्ष पूर्व नैनदह नदी में पुल का निर्माण हुआ था। बीते रविवार को हुई मूसलाधार बारिश से नदी उफना गई और पानी के तेज प्रवाह में पुल बह गया। उसी दिन से आवागमन बंद हो गया है। लोगों ने इसकी शिकायत जिला प्रशासन से की। इसकी जानकारी होने पर बुधवार को सदर एसडीएम कैलाश सिंह स्थलीय निरीक्षण भी कर चुके हैं।
इस दौरान एसडीएम को ग्रामीणों ने बताया कि पुल से मड़पा, चरगड़ा समेत बिहार के दर्जनों गांवों के ग्रामीण खलियारी, मांची, रामगढ़ और राबट्र्सगंज आते-जाते हैं। लेकिन पुल के टूटने से आवागमन ठप हो गया है। एसडीएम ने ग्रामीणों को दो-तीन दिन में पुल की मरम्मत करवा कर आवागमन बहाल कराने का आश्वासन दिया था। लेकिन शनिवार की शाम तक पुल का मरम्मत कार्य शुरू नहीं हुआ। जानजोखिम में डालकर ग्रामीण पैदल नदी को पार कर रहे हैं। ग्रामीणों ने चेतावनी दी है कि अगर जल्द ही पुल नहीं बनाया गया तो वह लोग आंदोलन को बाध्य होंगे।