जिले की नवनिर्वाचित जिला पंचायत अध्यक्ष के रूप में राधिका पटेल ने सोमवार को कार्यभार संभाल लिया। वह जिले की आठवीं निर्वाचित और तीसरी महिला अध्यक्ष हैं। जिला पंचायत परिसर में भव्य समारोह के बीच डीएम अभिषेक सिंह ने नए अध्यक्ष को पद और गोपनीयता की शपथ दिलाई। इसके बाद अध्यक्ष ने 31 सदस्यों को शपथ ग्रहण कराया। शपथ ग्रहण के बाद जिला पंचायत की पहली बैठक हुई, जिसमें छह समितियों के गठन पर चर्चा हुई।
करीब दो घंटे विलंब से शुरू हुए समारोह में बतौर मुख्य अतिथि उत्तर प्रदेश सरकार के राज्य मंत्री जय कुमार जैकी ने नए अध्यक्ष और सदस्यों को बधाई दी। कहा कि इस सदन में ज्यादातर सदस्य सुदूर ग्रामीण क्षेत्रों से आए हैं। वह गांव के लोगों के बीच रहे हैं। लिहाजा उनकी समस्याओं से भी बखूबी वाकिफ होंगे। पूरी उम्मीद है कि सदस्य के तौर पर वह क्षेत्र की समस्याओं को सदन में रखकर समाधान का प्रयास करेंगे। जिला पंचायत सदस्यों में महिलाओं की संख्या अधिक होने को महिला सशक्तिकरण की नजीर बताया। नवनिर्वाचित अध्यक्ष राधिका पटेल ने सबका आभार जताते हुए कहा कि जिस उम्मीद से सदस्यों ने अध्यक्ष चुना है, उस पर खरा उतरने की पूरी कोशिश करूंगी। सदन में सबको साथ लेकर विकास को गति देने का प्रयास होगा। समारोह में सांसद पकौड़ी लाल कोल, पूर्व सांसद छोटेलाल खरवार, भाजपा जिलाध्यक्ष अजीत चौबे, अपना दल-एस के जिलाध्यक्ष सत्यनारायण पटेल, विधायक भूपेश चौबे, हरिराम चेरो, संजीव सिंह गोंड़, डॉ. अनिल मौर्य, निवर्तमान जिला पंचायत अध्यक्ष अमरेश सिंह पटेल, अरुण पटेल, रमाशंकर सिंह पटेल, अभिषेक चौबे, दिनेश बियार, जयप्रकाश उर्फ चेखुर पांडेय, मोहन कुशवाहा आदि मौजूद रहे। संचालन अपर मुख्य अधिकारी संतोष त्रिपाठी व धन्यवाद ज्ञापन सीडीओ डॉ. अमित पाल शर्मा ने किया।
सत्ता की मजबूरी, भूले मास्क और दो गज की दूरी
सोनभद्र। कोरोना का असर अभी खत्म नहीं हुआ है। लगातार इसकी चेतावनी दी जा रही है। लोगों को भीड़ में जाने से बचने और मास्क लगाने की सलाह दी जा रही है। बावजूद सोमवार को जिला पंचायत के शपथ ग्रहण समारोह में इसकी धज्जियां उड़ती रहीं। शासन-प्रशासन के प्रतिनिधियों की मौजूदगी में मंच से लेकर पंडाल तक तमाम लोग बिना मास्क लगाए ही घूमते रहे। भीड़ के चलते लोग एक-दूसरे को धकियाते रहे। दो इंच की दूरी भी नहीं रह गई थी। मंच पर आसीन सत्ताधारी दल के कई नेताओं के चेहरे पर मास्क नहीं थे। अफसर भी मास्क लगाने के प्रति बेपरवाह रहे। सामने पंडाल में तो ज्यादातर लोग बिना मास्क के ही थे। शासन का निर्देश है कि ऐसे लोगों पर सख्ती करते हुए चालान काटकर जुर्माना वसूला जाए, मगर यहां जुर्माना तो दूर कोई टोकने वाला भी नहीं था। सरकारी समारोह में ऐसी अव्यवस्था की खूब चर्चा रही।
देर से आए पूर्व एमएलसी ने बंद कमरे में की मंत्रणा
शपथ ग्रहण समारोह में मिर्जापुर-सोनभद्र निर्वाचन क्षेत्र से पूर्व एमएलसी श्याम नारायण सिंह उर्फ विनीत सिंह को बतौर विशिष्ट अतिथि शामिल होना था। उन्हीं के इंतजार में सुबह 11 बजे से शुरू होने वाला कार्यक्रम दोपहर एक बजे आरंभ हो सका। पूर्व एमएलसी अपराह्न ढाई बजे समारोह स्थल पर पहुंचे, मगर तब तक शपथ ग्रहण की प्रक्रिया पूरी हो चुकी थी। बैठक की औपचारिकता के बाद पूर्व एमएलसी ने अध्यक्ष राधिका पटेल और पार्टी से जुड़े सदस्यों के साथ बंद कमरे में मंत्रणा की। कामकाज की भावी रूपरेखा पर चर्चा हुई। राधिका पटेल को अध्यक्ष निर्वाचित कराने में पूर्व एमएलसी की सक्रिय भूमिका रही है।
शपथ पत्र नहीं पढ़ सके कई सदस्य, सुनकर दोहराने में भी अटके
जिले के सबसे बड़े सदन में कई ऐसे सदस्य भी चुनकर पहुंचे हैं, जिन्हें हिंदी पढ़ना और बोलना भी नहीं आता। शपथ ग्रहण समारोह में ऐसे सदस्य चर्चा के केंद्र रहे। अध्यक्ष राधिका पटेल ने जब सदस्यों को एक-एक कर शपथ दिलाना शुरू किया तो कई महिला सदस्य शपथ पत्र पर लिखी हिंदी ही नहीं पढ़ सकीं। अपना नाम बोलने के बाद वह एक-दूसरे का मुंह ताकने लगीं। स्थिति को देखते हुए मंच पर खड़े कर्मचारियों ने शपथ पत्र पढ़ना शुरू किया और सदस्यों को उसे दोहराने के लिए कहा। विडंबना थी कि सुनकर दोहराने में भी कई सदस्य अटकते रहे। ऐसे सदस्यों में पूर्व सांसद छोटेलाल खरवार की पत्नी भी शामिल रहीं।
तीसरी बार महिला चुनी गई अध्यक्ष
जिला पंचायत सदन में यह तीसरा मौका है, जब अध्यक्ष की कुर्सी पर महिला आसीन हुई हैं। इससे पहले दो बार महिला अध्यक्ष निर्वाचित हुई थीं। वर्ष 1995 में हुए जिला पंचायत के पहले चुनाव में कांग्रेस की बसंती पनिका अध्यक्ष बनी थीं। इसके बाद वर्ष 2013 के उपचुनाव में सपा की अनीता राकेश निर्वाचित हुईं। अब राधिका पटेल को यह मौका मिला है। अनारक्षित सीट पर सवर्ण प्रत्याशी को हराकर राधिका ने यह जीत दर्ज की है।
अब तक निर्वाचित हुए जिला पंचायत अध्यक्ष
वर्ष अध्यक्ष पार्टी
1995 बसंती पनिका कांग्रेस
2001 देवेंद्र तिवारी शास्त्री भाजपा
2006 शिवशंकर घसिया सपा
2011 दिलीप मौय बसपा
2013 अनीता राकेश सपा
2016 अनिल यादव सपा
2018 अमरेश सिंह पटेल भाजपा
2021 राधिका पटेल अपना दल-एस