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हल के फार से हमले में वृद्ध की मौत, आरोपी बहू हिरासत में

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म्योरपुर के बलियरी में घटना स्थल का जायजा लेते पुलिस अधीक्षक आशीष श्रीवास्तव - फोटो : SONBHADRA
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म्योरपुर। स्थानीय थाना क्षेत्र के बलियरी गांव में शनिवार की सुबह बहू ने हल के फार से हमला कर अपने ससुर परसिद्धन (65) की हत्या कर दी। आरोप है कि हमला परसिद्धन की बहू फुलबसिया ने किया। म्योरपुर सामुदायिक केंद्र से जिला अस्पताल ले जाते समय वृद्ध की रास्ते में मौत हो गई। पुलिस ने आरोपी बहू को गिरफ्तार कर लिया है।
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परिजनों के मुताबिक करीब सात साल पहले बिजली की चपेट में आने परसिद्धन गंभीर रूप से झुलस गया थे। तभी से वह दोनों हाथों के सहारे चलते फिरते थे। दिव्यांग होने के कारण वह चिड़चिड़ा हो गए थे। प्रभारी थानाध्यक्ष राजेश मौर्या ने बताया कि पूछताछ में जो जानकारी मिली है, उसके मुताबिक शनिवार की भोर में किसी बात को लेकर परसिद्धन अपनी बहू फुलबसिया देवी पत्नी रामचंद्र गौड़ से नाराजगी जता रहे थे। उन्होंने तेज आवाज में डांट दिया। आरोप है कि इससे क्षुब्ध बहू ने आक्रोशित होकर परिसद्धन के गले पर हल के फार (कसना) से हमला कर दिया। इससे वह लहूलुहान होकर गिर पड़े। परिजन उन्हें लेकर म्योरपुर सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र पहुंचे। जहां उन्हें चिकित्सकों ने जिला अस्पताल रेफर कर दिया। जिला अस्पताल ले जाते समय रास्ते में परसिद्धन की मौत हो गई।
घटना की सूचना दोपहर करीब एक बजे मिलने पर पहुंची पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए दुद्धी सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र भेज दिया। पुलिस अधीक्षक आशीष श्रीवास्तव ने भी घटनास्थल का निरीक्षण किया और मातहतों को आवश्यक दिशा निर्देश दिया। इस दौरान क्षेत्राधिकारी रामनिवास यादव, उप निरीक्षक राजेश मौर्या समेत तमाम पुलिसकर्मी मौजूद रहे।
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प्रभारी थानाध्यक्ष राजेश मौर्या ने बताया कि परसिद्धन के दूसरे पुत्र रामनारायण की तहरीर पर फुलबसिया पत्नी रामचंद्र गौड़ के खिलाफ हत्या का मुकदमा दर्ज किया गया है।
इनसेट
आरोपी महिला का पति अहरौरा में कर रहा था काम
म्योरपुर। बलियरी गांव में वृद्ध की हत्या की आरोपी बहू का पति रामचंद्र अहरौरा में मजदूरी कर रहा था। बड़े पुत्र जगतलाल से घटना की जानकारी मिलने पर वह सीधे दुद्धी पोस्टमार्टम हाउस पहुंचा। रामचंद्र ने बताया कि वे तीन भाई हैं। पिता परसिद्धन उनके साथ ही रहते थे। उनका घर और मझले भाई रामनारायण का घर पास है जबकि छोटे भाई रामलखन का घर थोड़ी दूरी पर है। बताया कि सात साल पहले बिजली गिरने से उसके पिता झुलस गए थे और वह चल फिर नहीं पाते थे । उधर, पुलिस अधीक्षक ने मौके की जांच के दौरान रामचंद्र के छोटे पुत्र मोहरलाल व रामचंद्र की बहन फुलबस से भी बयान लिया। इस दौरान उन्होंने भी घटना की हकीकत बताई। एसपी के निरीक्षण के दौरान पुलिस क्षेत्राधिकारी रामनिवास यादव तथा प्रभारी थानाध्यक्ष राजेश मौर्या समेत बड़ी संख्या में पुलिस कर्मी मौजूद रहे।
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