वाराणसी-शक्तिनगर मार्ग पर ओवरलोड ट्रक।
- फोटो : सोनभद्र
बिना परमिट के ओवरलोड गिट्टी ले जाने के मामले में पकड़े गए तीन ट्रक चालक और रविवार को गिरफ्तार किए गए ट्रांसपोर्टर विनोद कुमार सिंह को कोतवाली पुलिस ने जेल भेज दिया। उधर, ऐसे वाहनों पर शिकंजा कसने के लिए शनिवार की रात दो बजे तक एडीएम उमाकांत तिवारी, सदर एसडीएम डां अंकुर लाठर, एसडीएम विशाल कुमार, एसडीएम अशोक कुमार यादव, खनिज विभाग के अफसर शनिवार की रात दो बजे तक टोल प्लाजा और खनिज चेक पोस्ट पर जमे रहे।
बिना परमिट के गिट्टी, बालू लदे ओवरलोड ट्रकों को रोकने के लिए पिछले पांच दिनों से प्रशासनिक मशीनरी पूरी तरह से लगी हुई। इन पर नजर रखने के लिए अमीनों को भी लगाया गया है। जब तक अफसरों की मौजूदगी होती है यह वाहन खड़े रहते हैं और देर रात जैसे ही अफसर रवाना होते हैं कि अमीन और खनिज बैरियर पर तैनात कर्मी एक साथ वाहनों को पार करा देते हैं। शुक्रवार की रात जिलाधिकारी के साथ अन्य अफसरों ने ऐसे वाहनों पर सख्ती बरती थी। पुलिस ने ट्रकों के शीशे तोड़ दिए थे जबकि तीन चालक स्कैन परमिट के पकड़े गए थे। पूछताछ में इनकी पहचान सोनभद्र पटवध के श्याम लाल, गाजीपुर खलीसापुर के जितेंद्र कुमार यादव, और गाजीपुर के ही अकबरपुर निवासी त्रिभुवन को गिरफ्तार कर लिया था।
दूसरे दिन पुलिस ने इसी मामले में गाजीपुर के सराय गोकुल एवं चोपन के प्रीत नगर निवासी विनोद कुमार सिंह को गिरफ्तार कर लिया है। एसडीएम डॉ अंकुर लाठर (आईएएस) ने बताया कि सात वाहन पकड़े गए हैं। इन्हें पुलिस के हवाले कर दिया गया है। अभी वह लोग और सख्ती बरतेंगे।
वह ऐसी व्यवस्था बनाने जा रही हैं जिससे एक भी वाहन बिना परमिट के टोल प्लाजा से पार नहीं हो सकेगा। अमीन या जो भी ऐसे लोगों की मदद करेगा उसे बख्शा नहीं जाएगा।