बताते चलें कि 18 अक्तूबर की रात बांग्लादेश पहुंचाने के लिए त्रिपुरा ले जाए जा रहे कोडिन युक्त कफ सिरप की बड़ी खेप पकड़े जाने का खुलासा हुआ था। मामले में सोनभद्र पुलिस जहां अब तक सरगना शुभम के पिता भोला सहित पांच को गिरफ्तार कर चुकी है। वहीं शुभम, उसके राइट हैंड रवि गुप्ता, रिश्तेदार विजय गुप्ता को गिरफ्त लेने की कोशिश में जुटी हुई है।
विदेश फरार हो चुके शुभम के खिलाफ लुक आउट नोटिस जारी करा चुकी है। एक दिन पूर्व ही फरार चल रहे तीनों आरोपियों के घर पर पहुंचकर पुलिस टीम ने कुर्की की नोटिस चस्पा की थी। इसके 24 घंटे के भीतर ही शुभम के पिता भोला और उसके परिजनों के नाम वाली साढ़े चार करोड़ कीमत वाली संपत्तियों के कुर्की की कार्रवाई सामने आ गई।
एसपी अभिषेक वर्मा ने बताया कि तस्करी के मामले में राॅबर्ट्सगंज कोतवाली में प्राथमिकी दर्ज करने के साथ ही इंस्पेक्टर सदानंद राय की अगुवाई वाली एसआईटी लगातार कार्रवाई में जुटी है। जांच में यह यह तथ्य प्रकाश में आ चुका है कि आरोपियों ने आपराधिक नेटवर्क के माध्यम के जरिए बड़ी मात्रा में कफ सिरप की तस्करी की और इसे कागज पर आपूर्ति दिखाकर गलत तरीके से सीमा पार बांग्लादेश तक भेजा गया।
इस तस्करी से अकूत धनराशि अर्जित की गई। तस्करी का मामला सामने आने के बाद ही शुभम विदेश भाग निकला। वहीं उसके पिता भोला को विदेश जाते समय 29 नवंबर 2025 की रात कोलकाता एयरपोर्ट से दबोचा गया। पूछताछ व जांच के दौरान जुटाई गई जानकारियों के आधार पर अवैध तरीके से अर्जित कमाई से खड़ी की गई चल-अचल संपत्तियों को चिन्हित किया गया।
विशेष न्यायाधीश एनडीपीएस कोर्ट के आदेश पर पिछले माह 28 करोड़ 50 लाख की संपत्ति कुर्क की गई थी। साथ ही भोला और परिजनों की अन्य चल-अचल संपत्तियों को चिन्हित कर उसे फ्रीज किया गया और उसके अनुमोदन के लिए फाइल सक्षम संबंधित अपीलीय न्यायाधिकरण दिल्ली को भेजा गया। वहां सुनवाई के बाद गत मंगलवार को एनडीपीएस एक्ट की धारा 68एफ(2) के तहत अनुमोदन प्रदान कर दिया गया। इसके बाद बुधवार को संबंधित संपत्ति को कुर्क करने की कार्रवाई की गई।