संवाद न्यूज एजेंसी
सलखन। नगवां ब्लॉक के नक्सल प्रभावित पहाड़ी ग्रामीण अंचलों में विकास का कार्य अफसरों की उदासीनता के कारण अवरुद्ध पड़ा हुआ है। बार-बार सेक्रेट्री के तबादले से ग्राम प्रधान क्षुब्ध हैं।
मकरीबारी के ग्राम प्रधान राममूरत यादव, चेरुई के प्रधान राजेंद्र गोंड़, मरकुड़ी के प्रधान मनोज कुमार, मऊ के प्रधान बुल्लू मौर्या, कोदई के प्रधान बैजनाथ और पल्हारी के प्रधान सुदामा ने डीएम को प्रार्थना पत्र देकर वर्तमान में कार्य कर रहे ग्राम पंचायत अधिकारी को बहाल करने की मांग की है, ताकि बंद पड़े तमाम विकास कार्यों को सुचारु रूप से किया जा सके। उनका कहना था कि एक ग्राम पंचायत अधिकारी को छह ग्राम सभाओं का कार्य भार देने के साथ नगवां ब्लाक का एडीओ पंचायत का भी कार्यभार दिया गया था। दोनों कार्यों को लेकर चलने पर भी प्रधानों को कोई शिकायत नहीं थी। इसके बावजूद उसे हटा दिया गया। इससे सभी ग्राम पंचायतों के विकास कार्य अवरुद्ध पड़ा है। प्रधानों ने जिलाधिकारी को प्रार्थना पत्र देकर ग्राम पंचायत अधिकारी को पुनः बहाल कराने की मांग की है।