बिजली कटौती के खिलाफ फूटा गुस्सा सोनभद्र
स्थानीय ब्लॉक क्षेत्र में पिछले तीन सप्ताह से लगातार ठप बिजली आपूर्ति और जर्जर बभनी-आसनडीह मार्ग पर आए दिन हो रही दुर्घटनाओं से क्षुब्ध क्षेत्र के लोगों का गुस्सा शनिवार को सड़क पर उतर आया। क्षुब्ध दूकानदारों ने अधिकारियों की उदासीन कार्यप्रणाली के विरोध में दूकानें बंद रखीं और बभनी में सांकेतिक चक्काजाम कर प्रदर्शन किया। इस दौरान विद्युत और लोक निर्माण विभाग के खिलाफ नारेबाजी हुई। करीब आधा घंटा चक्काजाम और एक घंटा दूकान बंद रखने के बाद बुधवार को चक्काजाम का निर्णय लिया गया।
बभनी और आसपास के गांवों में करीब तीन सप्ताह से विद्युत आपूर्ति ठप है। बीच में चंद घंटों के लिए आपूर्ति बहाल भी हुई तो किसी न किसी तरह की गड़बड़ी के नाते फिर ठप हो गई। बारिश के दिनों में जब लोगों को सर्पदंश समेत अन्य कई तरह का खतरा मंडराता रहता है, ऐसे में रात में आपूर्ति ठप रहने से लोगों में पिछले कई दिनों से गुस्सा था। उधर बभनी-आसनडीह मार्ग भी कई जगहों से गड्ढों मे रूप में तब्दील हो गया है।
आए दिन इस मार्ग पर दुर्घटनाएं हो रहीं और लोग गिरकर घायल हो रहे। इससे नाराज लोगों का गुस्सा आखिरकार सड़क पर आ गया। क्षुब्ध लोगों ने विद्युत और लोक निर्माण विभाग के विरोध में प्रदर्शन कर अगस्त माह का बिल माफ करने की मांग की। युवा समिति बभनी के ब्लॉक अध्यक्ष रविशंकर गुप्ता के नेतृत्व में सड़क पर उतरे लोगों ने क्षेत्रीय प्रतिनिधियों पर उदासीनता का आरोप लगाया। रविशंकर ने बताया कि बभनी मे चार अगस्त से विद्युत व्यवस्था बेपटरी है।
बभनी से आसनडीह 15 किमी मार्ग एक साल से जर्जर है। क्षुब्ध लोगों ने चेतावनी दी कि मंगलवार तक आपूर्ति बहाल नहीं की गई तो बुधवार को पुन: व्यापक स्तर पर चक्काजाम करेंगे। इस मौके पर सुनील कुमार, जय प्रकाश जायसवाल, इम्तियाज अहमद, लल्लन प्रसाद, सहामत हुसैन, अभिषेक चौबे, सुरेश कुमार, पंकज गुप्ता, महमूद, नसीम, यशवंत, अरविंद कुमार, मोहम्मद इकबाल, जगदीश जायसवाल समेत तमाम ग्रामीण मौजूद रहे।