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यूपी: नसबंदी कराने आई महिला को एंबुलेंस चालक ने घर पहुंचाने से किया मना, जेवर गिरवी रखकर देना पड़ा किराया

Wed, 27 Jan 2021 02:29 PM IST
गीतार्जुन गौतम अमर उजाला नेटवर्क, सोनभद्र
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पिकअप में बैठी महिला। - फोटो : अमर उजाला
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उत्तर प्रदेश के सोनभद्र जिले में घोरावल सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में मंगलवार को उस समय एंबुलेंस चालक का अमानवीय व असंवेदनशील रवैया सामने आया, जब नसबंदी कराने वाली महिला को चांदी की चेन गिरवी रखनी पड़ी। चांदी की चेन गिरवी रखकर महिला ने 1500 रुपये लिए तब किराया देकर निजी साधन से वह अपने घर के लिए रवाना हुई। एंबुलेंस चालक के इस असंवेदनशील रवैये से महिला सुबह से लेकर दोपहर बाद तक करीब 10 घंटे तक सीएचसी के बाहर पड़ी रही।

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जानकारी के अनुसार, कोलड़िहा निवासी लहरी अपनी बहू सितारा देवी की नसबंदी कराने के लिए आया था। इसके लिए वह बहू को लेकर दिन में घोरावल सीएचसी पहुंचा था। मंगलवार को वह अपनी पत्नी, बहू और पोतियों के साथ अस्पताल के 50 बेड महिला विंग के बाहर खड़ा था।

उसने बताया कि मंगलवार की भोर में डॉक्टरों ने बहू की नसबंदी की। मरीज की सुरक्षा को देखकर एक घंटे अस्पताल में रखने के बाद बहू को घर जाने के लिए डिस्चार्ज कर दिया गया। महिला को अपने मायके कदरा जाना था और उसे लेने के लिए उसकी मां आई थी।

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महिला को एंबुलेंस से जाने के लिए आईडी भी जारी कर दी गई। इसके बाद जब एंबुलेंस से घर जाने के लिए चालक के पास पहुंचे तो चालक ने 500 रुपये किराया मांगा। परिजनों के पास रुपये कम थे। तो उन्होंने एंबुलेंस चालक से विनती की कि 300 रुपये ले लें और उन्हें कदरा पहुंचा दें, लेकिन एंबुलेंस चालक 500 रुपये की मांग करता रहा।

सिस्टम के तहत एंबुलेंस से कदरा जाने की आईडी जारी होने के बावजूद वह 300 रुपये में तैयार नहीं हुआ। इसके बाद एंबुलेंस न मिलने से लाचार महिला और उसके परिजन छोटे बच्चों के साथ 10 घंटे अस्पताल के महिला वार्ड के बाहर पड़े रहे। आखिरकार थक हार कर नसबंदी कराने वाली सितारा देवी ने अपनी चांदी का जेवर गिरवी रखने के लिए सास-ससुर को दिया।
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घोरावल नगर के किसी आभूषण की दुकान पर चेन गिरवी रखकर ससुर ने 1500 रुपये लिए। इसके बाद लहरी ने एक पिकअप किराये पर ली और दोपहर करीब तीन बजे कदरा जाने के लिए रवाना हुई।

सीएचसी अधीक्षक (घोरावल) डॉ मुन्ना प्रसाद ने बताया कि चिकित्सकों की टीम के साथ रात भर और सुबह तक नसबंदी में जुटे रहे। नसबंदी कराने वाली महिला सितारा देवी को कदरा जाने के लिए आईडी भी जारी की गई थी। सितारा के ससुर लहरी और कुसुम्हा निवासी चंद्रभान सिंह पटेल ने प्रार्थना पत्र देकर शिकायत की है। इस संबध में जांच कर कड़ी कार्रवाई की जाएगी।
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