कोन। थाना क्षेत्र के कुडवा में नहर सफाई व लेबलिंग कार्य के दौरान करंट लगने से मजदूर की मौत के मामले में 22 घंटे की मशक्कत के बाद रविवार को परिजनाें को मनाने में पुलिस को सफलता मिली। घटनास्थल पर शव रखकर परिजन और ग्रामीण मुआवजा व नौकरी की मांग कर रहे थे। रविवार को दोपहर बाद साढ़े तीन बजे पुलिस ने कंपनी के जीएम से फोन पर वार्ता कराई। उनके आश्वासन के बाद लोग शांत हुए। शव को पोस्टमार्टम के लिए दुद्धी सीएचसी भेजा गया।
विंढमगंज के कोलिनडूबा गांव निवासी विजय कुमार यादव (32) एमएस कंपनी के माध्यम से मजदूरी कर रहा था। इन दिनों कंपनी कनहर सिंचाई परियोजना से निकली जल सुरंग के पास नहर की सफाई कार्य करा रही है। शनिवार को विजय इसी कार्य में कुडवा के पास लगा था। शाम करीब 4 बजे लेबलिंग के दौरान हाईटेंशन करंट की चपेट में आने से उसकी मौत हो गई थी। विंढमगंज पीएचसी से शव लेकर देर शाम करीब 6 बजे परिजन और ग्रामीण मौके पर पहुंचे और शव रखकर हंगामा करने लगे थे। वह कंपनी के अधिकारियों को बुलाने की जिद पर अड़े थे। पूरी रात उन्हें समझाने का प्रयास हुआ। रविवार को भी पुलिस जुटी रही। अपराह्न करीब साढ़े तीन बजे कोन एसओ संजीव सिंह की पहल पर कंपनी के जीएम ने फोन पर मृत मजदूर के परिजनों से वार्ता की। उन्हें हरसंभव मदद का आश्वासन दिया। इसके बाद परिवारीजन शव देने को राजी हुए। एसओ संजीव सिंह ने बताया कि शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजा गया है। आवश्यक कार्रवाई की जा रही है।