सोनभद्र में एनसीएल की बीना परियोजना में ओबी का कार्य करा रही बीजीआर कंपनी में मंगलवार की देर रात पानी के टैंकर की चपेट में आने से मैकेनिक की मौत हो गई। इससे नाराज मजदूर सुरक्षा में लापरवाही का आरोप लगाते हुए धरना-प्रदर्शन शुरू करने लगे। पुलिस ने एनसीएल प्रबंधन और संविदा कंपनी के बीच वार्ता कराकर मृतक के परिजनों को मुआवजा दिलाया।
बीना चौकी प्रभारी ज्ञानेंद्र सिंह ने बताया कि बीना माइंस के अंदर पानी का टैंकर मंगलवार की रात ब्रेक डाउन हो गया था। उसे बनाने के लिये मैकेनिक मोगली ईश्वर राय (21) निवासी पानी बेटा बीआरसी पुरम मोकामा पुरम कान चिल्ली जिला श्रीकाकुलम आंध्र प्रदेश दो बजे रात गया था। काम के दौरान पानी का टैंकर हैंड ब्रेक नहीं लगने से आगे बढ़ गया। इससे टैंकर के नीचे कार्य कर रहे मैकेनिक मोगली ईश्वर राय दब गए और उनकी मौत हो गई।
घटना से आक्रोशित श्रमिकों ने काम ठप कर मुआवजे के लिए धरना प्रदर्शन शुरू कर दिया। बीजीआर कंपनी एवं एनसीएल प्रबंधन के मध्य बुधवार की सुबह घंटों चली वार्ता के बाद 31 लाख आठ हजार रुपये मुआवजा तथा 60 हजार रुपये दाह संस्कार के लिए दिए जाने पर सहमति बनी। तब श्रमिकों ने धरना प्रदर्शन समाप्त किया। 15 लाख रुपये का चेक तत्काल दिया गया। 16 लाख आठ हजार रुपये खदान नियमावली के तहत दिया जाएगा।