अनपरा/सिंगरौली। इंडियन माइंस मैनेजर एसोसिएशन (इम्मा) के सिंगरौली चैप्टर के तत्वावधान में रविवार को रविवार को जयंत परियोजना के अधिकारी क्लब में वार्षिक महासभा का आयोजन किया गया। इस दौरान माइंस मैनेजराें एवं इंजीनियरों की कार्यकुशलता बढ़ाने को लेकर चर्चा के साथ ही खान सुरक्षा के मसले को लेकर भी महत्वपूर्ण सुझाव पेश किए गए।
इस मौके पर मुख्य अतिथि ने सिंगरौली चेप्टर के मुख्य संरक्षक एवं एनसीएल के सीएमडी तापस कुमार नाग ने मांइस मैनेजर्स के लिए आज का दौर चुनौतीपूर्ण बताया। उन्होंने माइंस मैनेजर्स के कैरियर ग्रोथ, सोशल वर्क, लाइफ बैलेंस तथा माइनिंग इंजीनियर्स की कार्यकुशलता में वृद्धि लाने जैसे मुद्दों पर अपनी बात रखी। इम्मा सिंगरौली चेप्टर के सचिव प्रबंधक सतीश झा ने संगठन के वार्षिक प्रतिवेदन की प्रस्तुति दी।
मुख्य महाप्रबंधक निगाही एसएन सिन्हा, जीएम खडिया राजाराम सिंह, जीएम अमलोरी पीके सिन्हा, महान कोलफि ल्ड्स के सीईओ आरके तिवारी, रिलायंस पावर के महाप्रबंधक एमबी दुबे आदि ने कहा कि राष्ट्र के प्रगति में कोयला उद्योग का योगदान महत्वपूर्ण है। कहा कि वर्ष 2019 तक कोयला उत्पादन के निर्धारित लक्ष्य को हासिल करना हम सभी की प्राथमिकता है। वहीं पर्यावरण संरक्षण, निगमित सामाजिक दायित्व, सोशल इंजीनियरिंग जैसे महत्वपूर्ण क्षेत्र में कोयला उद्योग का योगदान बनाए रखने के लिए हम सभी के सक्रिय रहने की जरूरत है। इस दौरान सीआईएल में पदोन्नति में हो रही विसंगतियों पर चर्चा करते हुए, इसे सुधरवाने को लेकर किए जाने वाले प्रयासों को लेकर विचार-विमर्श किया गया। इस दरम्यान बैढ़न स्थित पालीटेक्निक कालेज में उपेक्षित पडे़ माइनिंग सेक्शन को और विकसित एवं आधुनिक बनाने तथा सिंगरौली क्षेत्र में स्कूल ऑफ मांइस के लिए अवधारण को साकार करने को लिए जरूरी सुझाव और प्रस्तावों पर भी चर्चा की गई। इसके पूर्व कार्यक्रम के मुख्य अतिथि सिंगरौली चेप्टर के मुख्य संरक्षक एवं एनसीएल के सीएमडी तापस कुमार नाग, संरक्षक एवं निदेशक तकनीकी (संचालन) एडी माथुर, इम्मा के राष्ट्रीय अध्यक्ष डा. बीपी सिन्हा, संयुक्त सचिव आरके शर्मा, सिंगरौली चेप्टर के अध्यक्ष एवं जयंत के मुख्य महाप्रबंधक मुरली राम ने संयुक्त रूप से दीप प्रज्ज्वलित कर कार्यक्रम का शुभारंभ किया। अध्यक्षता निदेशक तकनीकी (संचालन) एडी माथुर ने की। संचालन राजीव कुमार ने किया।