जिला विधिक सेवा प्राधिकरण सोनभद्र की ओर से शनिवार को राष्ट्रीय लोक अदालत का आयोजन किया गया। इसका शुभारंभ प्राधिकरण के लिए अध्यक्ष एवं जनपद न्यायाधीश रवींद्र विक्रम सिंह ने जनपद न्यायालय परिसर में दीप जलाकर किया।
राष्ट्रीय लोक अदालत में कुल 92728 मामले निस्तारित किए गए। वादों के निस्तारण के एवज में 19 करोड़ 76 लाख 97 हजार से अधिक की धनराशि जमा कराई गई।
लोक अदालत में आपराधिक शमनीय वाद, धारा 138 एनआई एक्ट के वाद, बैंक वसूली वाद, मोटर दुर्घटना प्रतिकर याचिकाएं, पारिवारिक वाद, श्रम वाद, भूमि अधिग्रहण वाद, विद्युत एवं जल बिल, उच्च न्यायालय एवं जिला न्यायालयों में लंबित राजस्व वाद के साथ साथ सुलह योग्य प्री-लिटिगेशन मामलों को भी सुलह समझौते के आधार पर निस्तारण किया गया।
जनपद न्यायाधीश के अदालत में एक मामला निस्तारित हुआ। परिवार न्यायालय के प्रधान न्यायाधीश राजेंद्र सिंह की अदालत में कुल 14 मामले निस्तारित हुए। नरेंद्र बहादुर प्रसाद स्थायी लोक अदालत में 15 मामले निस्तारित हुआ।
वहीं विशेष न्यायाशीध (पाॅक्सो) अमित वीर सिंह की अदालत में दो मामले निस्तारित हुए। विशेष न्यायाधीश आबिद शमीम की न्यायालय में 13 मामले निस्तारित हुए। अपर सत्र न्यायाधीश एफटीसी/सीएडब्ल्यू अर्चना रानी की अदालत में कुल पांच मामले निस्तारित हुए।
मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट आलोक यादव की अदालत में कुल 1831 मामले निस्तारित हुए। इसी तरह से सिविल जज सीनियर डिविजन अमित कुमार ने 70 मामलों की सुनवाई करते हुए निस्तारित किए।
इसी तरह से अन्य न्यायालयों में आए वादों का निस्तारण किया गया। लोक अदालत में कुल 92728 मामले निस्तारित हुए। इससे 19 करोड़ 76 लाख 97 हजार 882 रुपये राजस्व की प्राप्ति हुई। इस मौके पर डीएम बद्रीनाथ सिंह, एसपी अशोक कुमार मीणा समेत अन्य न्यायिक अधिकारी उपस्थित रहे।