सोनभद्र (अनपरा)। अखिल भारतीय आयुर्विज्ञान संस्थान व वाराणसी स्थित काशी हिंदू विश्वविद्यालय के संयुक्त डाक्टरों की टीम ने अनपरा के विभिन्न ग्रामीण क्षेत्रों में प्रदूषण के प्रभाव से होने वाले रोग का पता कर परीक्षण किया। टीम ने रोगों से प्रभावित लोगों ने कई तरह की जानकारी ली।
आईआईएम दिल्ली के डॉ. पीके प्रजापति, डॉ. एके चौधरी, डॉ. अनिल गौतम लोक विज्ञान संस्थान देहरादून जैसे अन्य विभागाध्यक्ष के नेतृत्व में दर्जनों चिकित्सक, महिला चिकित्सकों व शोध के चिकित्सकों ने ऊर्जाचल के रेनूसागर, अनपरा, बीना, शक्तिनगर, बीजपुर, म्योरपुर, रेणुकूट, डाला, ओबरा व चोपन के इलाकों में ग्रामीण एवं दुरूह क्षेत्रों में जाकर विभिन्न प्रकार के रोगों का परीक्षण किया। लकवाए, अपंगता, पागलपन, बांझपन, लिकोरिया आदि का परीक्षण करने के दौरान ग्रामीणों से बात भी की। रोग के कारण व लक्षण की जानकारी हासिल कर रिपोर्ट तैयार किये जाने की बात बताई गई। बता दें कि प्रदूषण के मामले में प्रभावित ऊर्जांचल के सिंगरौली व सोनभद्र पर एनजीटी की विशेष नजर है। सूत्रों का कहना है कि एनजीटी के निर्देश पर ही ऊर्जांचल के दौरे पर शोध चिकित्सकों का दल आया है। इस शोध दल में दिल्ली, देहरादून, रुड़की सहित कई जगहों के चिकित्सक मौजूद हैं। इस टीम के सहयोग में वनवासी सेवा आश्रम के प्रेम नारायण व केवला प्रसाद दूबे उनके सहयोग में लगे रहे।