सोनभद्र। राष्ट्रीय खाद्य सुरक्षा के तहत ग्रामीण क्षेत्रों में वर्ष 2011 की जनगणना के आधार पर 79.56 प्रतिशत एवं शहरी इलाकों में 64.43 प्रतिशत जनसंख्या को आच्छादित किया जाना है। हर हाल में पात्रों को अनाज मुहैया कराने के साथ ही अपात्रों का राशनकार्ड निरस्त किया जाएगा। यह बातेें जिलाधिकारी अमित कुमार सिंह ने रविवार को कलेक्ट्रेट सभागार में प्रेसवार्ता में कहीं।
उन्होंने कहा कि अंत्योदय योजना के कार्ड पर प्रति कार्ड 20 किग्रा गेहूं एवं 15 किग्रा चावल दिया जाता है। प्रति यूनिट तीन किग्रा गेहूं और दो किग्रा चावल देय है। गेहूं दो रुपये किग्रा व चावल तीन रुपये किग्रा की दर से वितरित कराया जाता है। जिनके पास ट्रैक्टर, हार्वेस्टर, वातानुकूलन यंत्र या किलोवाट से अधिक क्षमता का जनरेटर, सात एकड़ सिंचित भूमि, एक से ज्यादा शस्त्र लाइसेंस होगा उन्हें राष्ट्रीय खाद्य सुरक्षा योजना से बाहर रखा जाएगा। यदि कोई परिवार पात्रता की श्रेणी में आता है और अभी तक उसको राशन कार्ड नहीं मिला है तो वह अपना आवेदन पत्र जिलापूर्ति कार्यालय, एसडीएम, बीडीओ, नगर क्षेत्र के लिए ईओ के कार्यालय में जमा कर सकता है। सीडीओ सुनील कुमार वर्मा ने कहा कि जुलाई में 90.71 प्रतिशत लाभार्थियों में अनाज का वितरण आधार प्रमाणीकरण के जरिए कराया गया है। जिले में राशन कार्डों के मुखिया में 97.83 व सदस्यों में 90.62 प्रतिशत आधार नंबर लिंक कराया जा चुका है। जिलापूर्ति अधिकारी डॉ. राकेश तिवारी ने कहा कि शीघ्र ही उचित दर दुकानों की वास्तविक भौगोलिक स्थिति की जियो टैंगिग कराते हुए ग्रामीण क्षेत्रों में ई-पास मशीन से वितरण का कार्य शुरू कराया जाएगा।
कोटेदार पर मनमानी का लगाया आरोप
बीजपुर । म्योरपुर ब्लाक के ग्राम पंचायत लिलादेवा के कोटेदार पर मनमानी करने व सूची में नाम अंकित कराने के नाम पर वसूली करने का लगाया है। अपना दल के जोन प्रभारी ग्रामीण जयचंद प्रसाद ने बताया कि गांव में 162 अंत्योदय कार्डधारक है। जिन लोगों ने कोटेदार की जेब गरम की उन्हीं लोगों का नाम सूची में पंजीकृत किया गया। महज 101 लोगों का नाम ही सूची में शामिल किया गया। शेष 61 लोग कोटेदार का चक्कर लगा रहे है। कोटेदार के इस मनमानी की जांच कर बचे शेष नाम सूची में पंजीकृत करने की मांग ग्रामीणों से की है। पूर्ति निरीक्षक म्योरपुर सुरेश ने कहा कि ग्रामीणों की शिकायत पर मामले की जांच की जा रही है। यदि आरोपों की पुष्टि हुई तो कार्यवाई तय है।