सोनभद्र । जिले में भी महिलाओं के चोटी कटने की घटनाएं बढ़ती जा रही हैं। जनपद के विभिन्न इलाकों में रविवार की रात और सोमवार की दोपहर के बीच पांच महिलाओं की चोटी काटने की घटनाएं सामने आईं। इस बीच लोगों में अंधविश्वास भी फैलने लगा है। लोग बचाव के लिए अपने मुख्यद्वार पर हल्दी से टीका करने के साथ नींबू मिर्चा बांधने लगे हैं।
पन्नूगंज थाना क्षेत्र के गुरौटी गांव में रविवार में रात करीब दस बजे निशा (37) अपने घरवालों को चोटी कटने की सूचना देकर अचेत हो गई। उसे पीएचसी तियरा ले जाया गया। यहां आधे घंटे उपचार होने के बाद महिला की हालत में सुधार होने पर डॉक्टर ने उसे छुट्टी दे दी।
उधर कतवरिया गांव में रात आठ बजे सीमा (33) की चोटी कट कई। वहीं, चौखड़ी की गुड्डी (35) रविवार की रात में सो रही थी करीब डेढ़ बजे उसका बाल कटकर जमीन पर गिरा मिला। सोमवार की तड़के तालचक में मुन्नी (38) की सोते समय चोटी कट गई। जिला अस्पताल में उसका उपचार कराया गया। इस द्बद्भ पुलिस अधीक्षक राम प्रताप सिंह ने कहा कि चोटी कटने की घटना झूठी है। पुलिस ने निशा के चोटी कटने की जांच की तो कोई ऐसा साक्ष्य नहीं मिला जो चोटी कटने की पुष्टि करता हो। कहा कि सभी थाना और चौकी प्रभारियों को चोटी कटने की अफवाह फैलाने वालों को चिह्नित कर उनके खिलाफ कड़ी से कड़ी कार्रवाई करने का निर्देश दिया गया है।
उधर, बीजपुर में एनटीपीसी बीजपुर आवासीय परिसर के आवास संख्या एनएच 5 बी टाइप 577 में सरिता (28) पत्नी संजय दोपहर बाद करीब साढ़े 12 बजे किचन में आटा गुथ रहीं थीं। इसी दौरान न जाने कैसे उनके बाल का कुछ हिस्सा कट गया। उन्हें इसकी जानकारी तब हुई जब वे पीछे मुड़ी। महिला ने इसकी जानकारी मोबाइल से अपने पति के अलावा पड़ोसियों को दी। ऊर्जांचल में चोटी कटने की पहली घटना होने के कारण लोगों में हड़कंप मचा गया।