सोनभद्र। टोल प्लाजा से ओवरलोड वाहनों पर कार्रवाई के साथ ही क्षमता से अधिक की सामग्री को भी कम करवाया जाएगा। सख्ती के बावजूद ओवरलोड वाहनों कोई खास कमी न होने पर शनिवार से टोल प्लाजा के आगे 25 वाहनों से क्षमता से अधिक लदे भार को खाली कराया गया।
वाराणसी दौरे के दौरान मुख्यमंत्री ने सोनभद्र में ओवरलोड को लेकर कड़ी नाराजगी जताई थी। 10 से लेकर 16 जनवरी तक परिवहन विभाग ने ओवरलोड को लेकर एक विशेष अभियान चलाया था। इन सबके बावजूद ओवरलोड वाहनों पर लगाम नहीं लग सका। अभियान के दौरान ही अमर उजाला ने रात में अंधेरे में टोल प्लाजा से सैकड़ों की संख्या में ओवरलोड वाहनों के गुजरने का खुलासा किया तो हड़कंप मच गया। न सिर्फ अभियान को आगे बढ़ा दिया गया बल्कि अपर ट्रांसपोर्ट कमिश्नर वीके सिंह को खुद सोनभद्र आना पड़ा। 23 जनवरी तक अभियान चलाने के साथ ही एआरटीओ अब पीएसी के साथ वाहनों की जांच कर रहे हैं। वहीं जिलाधिकारी पीके उपाध्याय ने शुक्रवार की शाम टोल प्लाजा के प्रबंधक को ओवरलोड को लेकर सख्त निर्देश जारी किए हैं। डीएम ने टोल से गुजरने वाले वाहनों से ओवरलोड चार्ज वसूलने के साथ ही क्षमता से अधिक गिट्टी, बालू को उतरवाने के सख्त निर्देश दिए हैं। शनिवार को टोल प्रबंधक शाम तक 25 वाहनों से बालू और गिट्टी उतरवा चुका है। टोल प्रबंधन का कहना है कि बिना माल उतारे किसी भी वाहन को आगे नहीं जाने दिया जाएगा।