बाराबंकी पुलिस को एक कॉल रिकॉर्डिंग के साथ कुछ अहम साक्ष्य भी मिले थे। इसके आधार पर बाराबंकी क्राइम ब्रांच व बड्डूपुर पुलिस ने पत्नी व तीन अन्य लोगों की इस हत्याकांड में संलिप्तता होने की आशंका जाहिर की। इस आधार पर ही आरोपी नेहा वर्मा, मोहित वर्मा व बादशाह आलम को गिरफ्तार किया गया।
घटना को ऐसे दिया अंजाम
बादशाह, रवि और मोहित बहाने से संजय को अपने साथ बिसवां के पुरैनी पुल लेकर पहुंचे। जहां संजय की चाकू से गला रेतकर हत्या कर दी। शव को आरोपियों ने पुरैनी पुल के पास नहर में फेंक दिया। इसके बाद गांव में किसी को शक न हो, इसके लिए पत्नी नेहा ने मृतक की गुमशुदगी मानपुर थाने में दर्ज करा दी थी। बाराबंकी पुलिस को मिली एक कॉल रिकॉर्डिंग से पूरे हत्याकांड की पोल खुल गई। अब क्राइम ब्रांच सीतापुर रवि की तलाश में जुटी है।