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स्कूलों में झांड झंखाड़, नौनिहालों की जान पर खतरा

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प्राथमिक विद्यालय इमलिया सुल्तानपुर में विद्यालय में उगी झाड़ियां। - संवाद - फोटो : SITAPUR
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सीतापुर। स्कूल खुलने के करीब दस दिन बाद भी परिसर की सफाई नहीं हो सकी है। इससे झाड़ियों में विषैले जीव जंतु पनप रहे है। इनकी वजह से कई बार घटनाएं हो चुकी है फिर भी जिम्मेदार सबक लेने को तैयार नहीं हैं। यह लापरवाही स्कूल में पढ़ने वाले नौनिहाल व स्टॉफ पर भारी पड़ सकती है।
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16 जून से परिषदीय विद्यालय खुल गये है। इन विद्यालयों में रोजाना पढ़ाई हो रही है। स्कूल खुलने से पहले शिक्षकों को प्रधान से मिलकर परिसर की सफाई कराने की हिदायत दी गई थी। बावजूद इसके यहां पर सफाई नहीं हो सकी है। कुछ दिन पहले ही हरगांव विकासखंड के एक विद्यालय में रसोइयां को सर्प ने काट लिया था।
रसोइयां को सीएचसी लहरपुर में भर्ती कराया गया था। गनीमत रही थी कि रसोइयां को तत्काल इलाज मिल गया था। वरना उसकी जान पर आफत आ सकती थी। इसी तरह कई अन्य विद्यालयों में घटनाएं हो चुकी है फिर भी जिम्मेदार ध्यान नहीं दे रहे है। अब बरसात होने वाली है। ऐसे में अगर समय से सफाई नहीं हुई तो विषैले जीव जंतुओं से खतरा बढ़ सकता है।
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स्कूल में रसोइयां को सांप ने डसा था
हरगांव विकासखंड के प्राथमिक विद्यालय पायकनगर में गंदगी फैली हुई है। स्कूल के आसपास झाड़िया उग आई है। एक सप्ताह पहले इससे निकले एक सर्प ने पड़ोस में बने रसोईघर में खाना बना रही एक रसोइयां को डस लिया था। सीएचसी लहरपुर में इलाज के बाद रसोइयां की हालत में सुधार हुआ था।
बना हुआ है खतरा
एलिया विकासखंड के प्राथमिक विद्यालय इमलिया सुल्तानपुर में बहुत गंदगी फैली हुई है। स्कूल खुले हुए 10 दिन का समय बीत चुका हूं। बावजूद इसके स्कूल की सफाई नहीं हो सकी है। पड़ोस में रसोईघर बना हुआ है। इसके अलावा नौनिहाल रोजाना झाड़ियों के बीच पढ़ने को मजबूर होते है। इससे नौनिहालों की जान पर भी खतरा बना रहता है।
सफाईकर्मी बरत रहे लापरवाही
स्कूल खुलने से पहले सफाई कराने के निर्देश दिए गए थे। अधिकांश जगहों पर सफाई हो गई है। जिन स्थानों पर नहीं हुई है वहां पर सफाई कर्मियों की तरफ से लापरवाही बरती जा रही है।
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- अजीत कुमार, बीएसए
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