सीतापुर। आइसक्रीम खाने वाले सावधान हो जाएं। प्रयोगशाला की जांच में आइसक्रीम में सिथेटिंक कलर की मानक से अधिक मिलावट मिली है। इस पर इसे अधोमानक घोषित किया गया है। यानि यह स्वास्थ्य के लिए बेहद खतरनाक है। इस पर एफएसडीए की टीम ने शनिवार को प्रतिष्ठान पहुंचकर दुकान का पंजीयन प्रमाणपत्र निलंबित कर दिया है। न्यायालय में वाद दायर करने की कवायद शुरू कर दी है।
एफएसडीए की टीम ने लहरपुर के बदायू टोला निवासी महेंद्र कुमार तिवारी के प्रतिष्ठान पर करीब पांच माह पूर्व छापा मारा था। यहां पर लोकल ब्रांड की आइसक्रीम बनाई जा रही थी। टीम को इसमें मिलावट होने की आशंका प्रतीत हुई। इस पर टीम ने यहां से एक नमूना भरा था।
प्रयोगशाला में जांच के लिए भेज दिया था। प्रयोगशाला से आई जांच रिपोर्ट में यह अधोमानक मिला है। इस पर टीम ने शनिवार को प्रतिष्ठान पहुंचकर उत्पादन बंद करवा दिया। वहीं, प्रतिष्ठान के पंजीयन प्रमाणपत्र निलंबित कर दिया है।
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न्यायालय में वाद दायर किया जाएगा
सिथेटिंक कलर की मिलावट मिलने पर प्रतिष्ठान को बंद करवा दिया गया है। इस मामले में जल्द ही न्यायालय में वाद दायर किया जाएगा।
-अमित कुमार सिंह, सहायक आयुक्त खाद्य द्वितीय