सीतापुर। विवादों में घिरे अटरिया थानाध्यक्ष उमाकांत शुक्ला को एसपी ने लाइन हाजिर कर दिया है। पीड़ित के खिलाफ केस दर्ज करने पर विधायक ने उन्हें फटकार लगाई थी। रविवार को थानाध्यक्ष पर कार्रवाई हो गई।
जयपालपुर गांव निवासी ब्रजेश सिंह के अनुसार बुधवार को उनके पड़ोसी समेत आधा दर्जन दबंग उनके घर पहुंचे थे। हाथों में हथियार लेकर दबंगों ने पीड़ित को धमकाया था। इसका एक वीडियो भी वायरल हुआ था। विरोध करने पर पीड़ित और उनके पिता की पिटाई कर दी थी। थानाध्यक्ष ने पीड़ित के खिलाफ ही केस दर्ज करा दिया था। बृहस्पतिवार को ब्रजेश सिधौली विधायक मनीष रावत के पास पहुंचे तो विधायक ने थानाध्यक्ष को फोन कर फटकार लगाई थी। इसके बाद पुलिस ने दबंगों के खिलाफ केस दर्ज किया था। लापरवाही उजागर होने पर रविवार को थानाध्यक्ष उमाकांत को लाइन हाजिर कर दिया गया। हालांकि जिम्मेदारों ने लाइन हाजिर किए जाने के पीछे की वजह को स्पष्ट नहीं किया है। कुछ माह पहले ही उमाकांत शुक्ला को अटरिया का थानाध्यक्ष बनाया गया था। पुलिस लाइन में तैनात राकेश कुमार गुप्ता को अटरिया थानाध्यक्ष का चार्ज दिया गया है।
विधायक की नाराजगी के बाद हटाए गए इंस्पेक्टर को फिर तैनाती
अपराध शाखा में तैनात जंगबहादुर पांडेय को महोली का थानाध्यक्ष बनाया गया है। हालांकि माननीय की शिकायत के बाद इनको भी अपराध शाखा की राह दिखाई गई थी। मई माह में आयोजित समाधान दिवस में मिश्रिख विधायक रामकृष्ण भार्गव ने इंस्पेक्टर जंगबहादुर पर रामकोट निवासी पीड़ित शारदा प्रसाद को धमकाने का आरोप लगाया था। दबंगों ने शारदा के हाथ तोड़ दिए थे। इस कारण वह केस दर्ज कराने थाने गए थे। नाराजगी के बाद जंगबहादुर को हटाया गया था। अब उन्हें महोली का कोतवाल बनाया गया है। महोली इंस्पेक्टर दिलीप चौबे को अपराध शाखा भेजा गया है।