सीतापुर। बिसवां में जहरीले केमिकल से हुई मौतों के मामले में पुलिस ने सात लोगों को गिरफ्तार कर शनिवार को जेल भेज दिया। आरोपियों में फैक्टरी मालिक, चौकीदार, ट्रांसपोर्टर सहित खीरी, लखनऊ व कानपुर के लोग शामिल हैं। अभी एक आरोपी पुलिस की पहुंच से दूर बताया जा रहा है।
सीओ बिसवां समर बहादुर ने बताया कि जहरीले केमिकल से सात लोगों की मौत मामले में बिसवां के पठानी टोला निवासी फैक्टरी मालिक सुकेश गुप्ता, रामपुर कलां निवासी चौकीदार सिराजुद्दीन को गिरफ्तार कर जेल भेजा गया है।
इनके साथ ही कानपुर के स्वरूप नगर निवासी टैंकर ट्रांसपोर्टर मोहित गुप्ता, लखनऊ के विवेक खंड गोमती नगर निवासी आईपीएल कंपनी लखनऊ के जीएम बेदव्रत भटनागर, लखनऊ के इंदिरानगर सेक्टर-2 निवासी कंपनी डारेक्टर अशोक कुमार गुप्ता, लखनऊ के एलडीए कॉलोनी कानपुर रोड सेक्टर बी निवासी हरदोई के संडीला स्थित आईपीएल कंपनी जीएम अजय भटनागर, खीरी के ओयल क्षेत्र के खागी निवासी सेल्स मैनेजर दीपक मिश्रा को भी दबोचा गया है।
सीओ का कहना है कि इन आरोपियों को जेल भेज दिया गया है। पुलिस अभी आठवें आरोपी लखनऊ निवासी कंपनी के सेल्स मैनेजर आरपी मिश्रा को दबोच नहीं पाई है। पुलिस का कहना है कि उसकी भी तलाश की जा रही है। जल्द ही उसको गिरफ्तार किया जाएगा। अभी कई अन्य लोगों से भी पूछताछ की जा रही है।
जहरीले केमिकल को ठिकाने लगाने का भी होता था काम
पुलिस सूत्र बताते हैं कि आरोपियों में कानपुर का मोहित महाकाल नाम से ट्रांसपोर्ट कंपनी चलाता है। उसी के जरिये आईपीएल कंपनी में केमिकल वेस्ट के टैंकर भेजे जाते थे। जहरीले केमिकल को ठिकाने लगाने का भी काम होता था। इसके लिए उसे प्रति टन आठ सौ रुपए कंपनी से मिलते थे। मोहित केमिकल खरीद फरोख्त का भी काम करता था।
फैक्टरी संचालक सुकेश गुप्ता को प्रति टन छह सौ रुपए मिलते थे। सुकेश प्रति टैंकर वेस्ट को नष्ट करने के लिए ढाई से तीन हजार रुपए कमाता था। पुलिस के मुताबिक चौकीदार सिराजुद्दीन को प्रति टैंकर धुलाई आदि के लिए 50 रुपए मिलते थे। वह टैंकर धुलाई में मदद के साथ ही आसपास की स्थित पर नजर रखता था। उसे बहते जहरीले केमिकल से लोगों व जानवरों को बचाने का काम भी सौंपा गया था।
दो मृतक आश्रितों को मिला मुआवजा
एसडीएम बिसवां सुरेश कुमार ने बताया कि शनिवार को तहसीलदार राजकुमार के जरिए हादसे में मारे गए दो मृतकों के आश्रितों को मुआवजे की राशि दी गई है। उन्होंने बताया कि लखनऊ के चौक इलाके के मालेखां सरांय निवासी मृतक अतीक अंसारी उर्फ पहलवान की पत्नी नसीम बानो के खाते में मुआवजे की चार लाख राशि भेज दी गई है।
मृतक के आश्रितों की हो रही जांच
एक ही परिवार के पांच लोगों के आश्रितों की जांच कराई जा रही है। एसडीएम का कहना है कि मृतक अतीक, उसकी पत्नी शायरा, बेटी आयशा, आफरोज आदि पूरे परिवार के पांचों लोगों की मृत्यु हो गई। उनको दी जाने वाली आर्थिक मदद का हकदार कौन है। यह अभी स्पष्ट नहीं है। इस मृतक परिवार के असली आश्रित कौन हैं। इसकी जांच कराई जा रही है। जांच के बाद ही इस परिवार की आर्थिक सहायता सही वारिसों को दी जाएगी।