महोली। दिल्ली-लखनऊ राष्ट्रीय राजमार्ग-30 के अढ़ौरी बाईपास मोड़ पर डेढ़ करोड़ रुपये की विवादित जमीन पर कब्जे के प्रयास के दौरान रविवार को हुई फायरिंग के मामले में मंगलवार को एसडीएम महोली शैलेंद्र गौतम ने मौके का निरीक्षण किया। उन्होंने पीड़िता शोभना शुक्ला से घटना की जानकारी ली और सुरक्षा के लिए उनके घर पर दो पुलिसकर्मियों की तैनाती कराई है।
पीड़िता की तहरीर पर पुलिस ने 22 नामजद और 25 अज्ञात लोगों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज की है। मामले में मुख्य आरोपी विपिन बाजपेयी समेत 10 आरोपियों को गिरफ्तार किया जा चुका है। विपिन बाजपेयी एक आईपीएस अधिकारी के पिता बताए जा रहे हैं।
शोभना शुक्ला ने बताया कि गाटा संख्या 319 में 19 बिस्वा जमीन है। उन्होंने वर्ष 2018 में इसका बैनामा कराया था। वर्ष 2022 में इसी गाटा संख्या के दूसरे हिस्से का बैनामा विपिन बाजपेयी और अन्य लोगों ने कराया था। करीब दो माह पहले एसडीएम की निगरानी में जमीन का बंटवारा हुआ था। इसके बाद से वह अपने हिस्से की जमीन पर काबिज हैं।
शोभना का आरोप है कि रविवार दोपहर करीब दो बजे विपिन बाजपेयी के नेतृत्व में करीब तीन दर्जन लोग लाठी-डंडों और असलहों के साथ मौके पर पहुंचे। उन्होंने जमीन पर पिलर लगाने का प्रयास किया और दहशत फैलाने के लिए कई राउंड फायरिंग की। घटना के बाद से पीड़िता ने जान का खतरा जताया है।
एसडीएम शैलेंद्र गौतम ने शोभना को जमीन से संबंधित सभी दस्तावेजों के साथ बुधवार को अपने कार्यालय बुलाया है। पीड़िता ने सभी आरोपियों की गिरफ्तारी और जमीन विवाद के स्थायी समाधान की मांग की है।