हरगांव में प्रदर्शन करते ग्रामीण व परिजन
रामपुर मथुरा। बैराजों से छोड़े जा रहे लाखों क्यूसेक पानी के कारण सरयू फिर उफान पर है। सरयू का जलस्तर बृहस्पतिवार को 20 सेंटीमीटर बढ़ने से 118.20 मीटर पर पहुंच गया। खतरे के निशान से पानी सिर्फ 80 सेंटीमीटर नीचे है। इससे तटवर्ती 15 गांवों पर बाढ़ का खतरा मंडराने लगा है। बाबाकुटी में ठोकर के पास से धीमी गति से पानी बाहर निकल रहा है। इससे तटवर्ती प्यारेपुरवा, बाबाकुटी, अखरी, निरंजनपुरवा, नागेश्वरपुरवा समेत 15 गांवों पर बाढ़ का खतरा मंडराने लगा है। लालू व जयकरन ने बताया कि कि नदी का पानी इसी तरह बढ़ता रहा तो हालात बिगड़ सकते हैं।
सीएचसी अधीक्षक डॉ. शिवकांत ने बताया कि नदी के तटवर्ती गांवों में टीकाकरण व बुखार आदि बीमारियों की दवाओं का वितरण किया जा रहा है। रामदीन व बालकिशुन ने बताया कि निचले स्थानों पर बाढ़ का पानी आने के बाद नदी को वापस नहीं जा पाता।
इससे जलभराव के कारण आवागमन में समस्या के साथ लगातार बीमारियों में भी वृद्धि हो रही है।