सीतापुर। जन शिकायतों का समय से निस्तारण न करने पर डीएम ने ग्रामीण सड़क योजना के एक्सईएन व दो सीएचसी अधीक्षक का वेतन काटने का आदेश दिया है। संबंधित अफसरों से जवाब भी मांगा है। तय समय में जवाब न देने कार्रवाई होगी।
डीएम अभिषेक आनंद ने 10 और 11 फरवरी को शिकायतों के निस्तारण की समीक्षा की। 10 फरवरी को समीक्षा में पाया कि एक्सईएन, यूपी ग्रामीण सड़क योजना ज्ञानेंद्र कुमार ने एक शिकायत का तय समय में निस्तारण नहीं किया। इससे वह डिफाल्टर हो गए।
सीएचसी अधीक्षक पहला डॉ. आनंद मित्रा और रामपुर मथुरा डॉ. सुशील वर्मा भी एक-एक शिकायत का समय से निस्तारण न करने के कारण डिफाल्टर हैं। डीएम ने उनका 10 फरवरी का वेतन काटने के आदेश जारी किए हैं। डीएम ने 11 फरवरी की समीक्षा में सीएचसी अधीक्षक रामपुर मथुरा को एक मामले में डिफाल्टर पाया, जिस पर पर इस दिन का भी वेतन काटने के आदेश वरिष्ठ कोषाधिकारी को दिए हैं। डीएम ने तीनों अफसरों को जवाब भी तलब किया है। तीन दिन में स्पष्टीकरण प्रस्तुत न करने पर संबंधित के विरुद्ध कार्रवाई होगी।