नैमिष चक्रतीर्थ में डुबकी लगाते श्रद्धालु।
- फोटो : अमर उजाला
कार्तिक पूर्णिमा और देव दीपावली के पावन अवसर पर जिले के विभिन्न स्थानों पर आस्था व भक्ति का सैलाब उमड़ पड़ा। नैमिष, खैराबाद व हरगांव में भारी संख्या में श्रद्धालुओं के पहुंचने से मेले सरीखा माहौल बन गया।
श्रद्धालुओं ने नैमिष के चक्रतीर्थ व आदि गंगा गोमती, हरगांव के सूर्यकुंड तीर्थ व खैराबाद के भुइंया ताली में आस्था की डुबकी लगाकर जल में दीपदान किया। बाद में भगवान शंकर की आराधना कर मन्नतें मांगी।
नैमिषारण्य में जिले के अलावा विभिन्न प्रदेशों से आए श्रद्धालुओं ने नैमिष धाम स्थित आदि गंगा गोमती और पावन चक्रतीर्थ के तट पर सुबह चार बजे से ही स्नान प्रारंभ कर दिया था। स्नान के बाद श्रद्धालुओं ने दीप प्रज्ज्वलित कर जल में प्रवाहित किया।
इस अवसर पर बड़ी संख्या में महिलाओं ने तुलसी का भी पूजन किया और आंवले का भोग लगाया। इसके बाद भक्तों ने तीर्थ के प्रसिद्ध मंदिर मां ललिता देवी, व्यास गद्दी, सूत गद्दी, हनुमान गढ़ी, कालीपीठ, देवपुरी, बाला जी मंदिर, देवदेवेश्वर आदि पहुंचकर दर्शन-पूजन किया।
पूरे दिन दर्शन-पूजन का यह सिलसिला चलता रहा। वहीं खैराबाद के भुइंया ताली तीर्थ में श्रद्धालुओं ने स्नान कर मां पूर्वी देवी, हनुमान जी, शंकर जी व शनिदेव का दर्शन-पूजन किया। हरगांव के सूर्यकुंड तीर्थ में श्रद्धालुओं ने स्नान के बाद भगवान शंकर का पूजन किया। मान्यता है कि कार्तिक पूर्णिमा पर पवित्र नदियों व तीर्थों में स्नान मात्र से ही सभी मनोकामनाएं पूरी हो जाती हैं।