सीतापुर। बारिश के बाद बिगड़ी बिजली आपूर्ति व्यवस्था दूसरे दिन भी पटरी पर नहीं आ सकी। करीब 220 गांवों में 14 घंटे तक आपूर्ति बंद रही। उधर, शहर में तीन जगहों पर फॉल्ट की वजह से कटौती हुई। इससे लोगों को काफी दिक्कतों का सामना करना पड़ा।
जिले में दो दिन पहले हुई बारिश से करीब 800 गांवों की बिजली आपूर्ति व्यवस्था लड़खड़ा गई थी। बिजली विभाग की टीमें मरम्मत करने में जुटी हुई हैं। छह सौ गांवों की तो बिजली आपूर्ति सही ढंग से होने लगी है। अभी करीब 200 गांवों में संकट बना हुआ है।
रेउसा के 100 व रामपुर मथुरा के 120 से अधिक गांवों में शनिवार रात तीन बजे बिजली आपूर्ति बंद हो गई। रविवार शाम पांच बजे आपूर्ति बहाल हो पाई। बिजली विभाग के अफसरों ने बताया कि बारिश से दो जगहों पर पोल टूट गए थे। तीन स्थानों पर ट्रांसफार्मर में फॉल्ट आ गया था। इसी वजह से दिक्कत आ रही थी।
रेउसा में केबल फुंकने व इंसुलेटर दगने के कारण शनिवार रात चार बजे कटी बिजली रविवार दोपहर 12 बजे बहाल हो पाई। उपभोक्ता मुकेश व राकेश ने बताया कि एक सप्ताह से बिजली बहुत ही परेशान कर रही है। न तो दिन में रोस्टर के मुताबिक बिजली आ रही है और न ही रात में आपूर्ति हो रही है। रात में मच्छर सोने नहीं देते है। जर्जर तार आए दिन टूट जाते हैं। इससे घंटों आपूर्ति ठप रहती है। शिकायत के बाद भी कोई सुधार नहीं हो रहा है।
उधर, शहर के भवानीपुर उपकेंद्र से जुड़े मोहल्ला विकास नगर, खूबपुर, नवीन चौक, कांशीराम कॉलोनी, इस्माइलपुर, तरीनपुर, चुंगी चौकी आदि मोहल्लों में तीन घंटे बिजली आपूर्ति बंद रही। गल्ला मंडी के पास फॉल्ट आ गया। सुबह 10 से 12 बजे तक बिजली आपूर्ति बंद रही।
नवीन चौक इलाके में इंसुलेटर दग गया। सुबह 11 से एक बजे तक यहां पर बिजली आपूर्ति नहीं हुई। उपभोक्ता रामनरेश व मोहित ने बताया कि कटौती तो हो रही है। शाम के समय वोल्टेज बहुत ही कम रहता है। कई बार ट्रांसफार्मर की क्षमता बढ़वाए जाने की मांग की जा चुकी है। इसके बाद भी क्षमता नहीं बढ़ पा रही हैं। इससे रोजाना बिजली की समस्या से जूझना पड़ता है।