फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Sitapur News: नाबालिग बेटी से दुष्कर्म के दोषी को आजीवन कारावास

Tue, 08 Sep 2026 11:56 PM IST
लखनऊ ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, सीतापुर
विज्ञापन
विज्ञापन
सीतापुर। कमलापुर क्षेत्र के एक गांव में 13 वर्षीय किशोरी से दुष्कर्म के मामले में विशेष पॉक्सो अदालत ने मंगलवार को उसके पिता मतोले को दोषी करार देते हुए उसके शेष प्राकृतिक जीवनकाल तक आजीवन कारावास की सजा सुनाई। अदालत ने उस पर 20 हजार रुपये का अर्थदंड भी लगाया है।
विज्ञापन

अर्थदंड अदा न करने पर छह माह का अतिरिक्त कारावास भुगतना होगा। मामले में घटना के 114 दिन बाद फैसला आया। पुलिस ने विवेचना पूरी कर घटना के 16 दिन बाद दो जून को न्यायालय में आरोपपत्र दाखिल किया था।
पुलिस के अनुसार, 17 मई को पीड़िता की मां ने कमलापुर थाने में तहरीर दी थी। इसमें बताया गया कि उसका पति मतोले नाबालिग बेटी को बुआ के घर से वापस लेकर आ रहा था। रास्ते में गन्ने के खेत के पास उसने बेटी को डरा-धमकाकर उसके साथ दुष्कर्म किया।
विज्ञापन

घटना के दौरान किशोरी के कपड़े फट गए और उसे चोटें भी आईं। घर पहुंचने पर किशोरी ने मां को घटना की जानकारी दी। इसके बाद पुलिस ने प्राथमिकी दर्ज कर विवेचना शुरू की।
विवेचना के दौरान पुलिस ने घटनास्थल से आरोपी की शर्ट के टूटे बटन और बाल बरामद किए। वहीं, किशोरी के कपड़ों से मिले जैविक साक्ष्यों को जांच के लिए विधि विज्ञान प्रयोगशाला भेजा गया। मेडिकल और फॉरेंसिक जांच रिपोर्ट समेत अन्य साक्ष्यों को मुकदमे में शामिल किया गया। पुलिस ने विवेचना पूरी कर दो जून को न्यायालय में आरोपपत्र दाखिल किया।
मामले की सुनवाई विशेष न्यायाधीश पॉक्सो एक्ट/अपर सत्र न्यायाधीश कोर्ट संख्या-14 अवनीश कुमार प्रथम की अदालत में हुई। अभियोजन की ओर से प्रस्तुत साक्ष्यों और फॉरेंसिक रिपोर्ट समेत उपलब्ध साक्ष्यों के आधार पर अदालत ने मतोले को दोषी करार दिया। मंगलवार को अदालत ने पॉक्सो एक्ट के तहत उसके शेष प्राकृतिक जीवनकाल तक आजीवन कारावास और 20 हजार रुपये अर्थदंड की सजा सुनाई।
विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें