गोंदलामऊ (सीतापुर)। दो दिनों से तेंदुए के कोई नए पगचिह्न नहीं मिले हैं। तेंदुआ भी अब तक पिंजरे में कैद नहीं हो सका है। इस वजह से ग्रामीणों में दहशत कायम है। किसान खेतों की ओर जाने की हिम्मत नहीं जुटा पा रहे हैं। वन विभाग की टीम लगातार कॉम्बिंग कर रही है। रविवार को कॉम्बिंग के साथ ग्रामीणों को सतर्क रहने के लिए जागरूक किया।
मिश्रिख वन रेंज में एक पखवाड़े से तेंदुए की चहलकदमी बनी हुई है। कई बार तेंदुआ देखा गया और पगचिह्न भी पाए गए। वन विभाग की ओर से रामपुर खेवटा के करीब पिंजरा भी लगाया गया है। हांलाकि, दो दिन से तेंदुए के नए पगचिह्न नहीं मिले हैं। वन विभाग की टीम लगातार कॉम्बिंग कर रही है।
रामपुर खेवटा के पास झाला बनाकर रहने वाले सरदार इंद्रजीत ने बताया कि दो दिन से पगचिह्न तो नहीं दिखे हैं लेकिन दहशत बनी हुई है। वन दरोगा अनिल यादव ने बताया कि रविवार को खेवटा के आसपास कॉम्बिंग की गई। कहीं नए पगचिह्न नहीं मिले हैं। पिंजरे के इर्द-गिर्द भी तेंदुआ नहीं पहुंच रहा है। ग्रामीणों को सतर्कता बरतने की हिदायत दी गई है।