सीतापुर। श्रम विभाग ने सोमवार को पुलिस की मदद से जिले के कई प्रतिष्ठानों पर छापे मारकर 12 बाल श्रमिकों को मुक्त कराया। इन बाल मजदूरों को शहर के बाल संरक्षण गृह में रखा गया है। जिन प्रतिष्ठानों से बाल श्रमिक मुक्त कराए गए उनके संचालकों के विरुद्ध विधिक कार्रवाई शुरू कर दी गई है। छापे से प्रतिष्ठानों में हड़कंप मच गया।
जिले में दुकानों, रेस्टोरेंट व ढाबों पर बाल मजदूरों से काम कराए जाने की शिकायतें लगातार आला अफसरों को मिल रही थीं। इस पर डीएम व एसपी ने श्रम विभाग को अभियान चलाते हुए बाल श्रमिकों को मुक्त कराने के निर्देश दिए थे। श्रम प्रवर्तन अधिकारी के नेतृत्व में सोमवार को एक टीम ने शहर तथा लहरपुर क्षेत्र के तमाम प्रतिष्ठानों पर छापा मारा।
शहर के क्यूब रेस्टोरेंट में एक, एसके ट्रेडर्स आदर्श नगर नैपालापुर में दो तथा तहसील लहरपुर क्षेत्र के कानपुर इलेक्ट्रिक कंपनी में पांच, फर्नीचर दुकान में दो एवं चौरसिया फैब्रिक में दो बाल श्रमिक काम करते हुए पाए गए।
श्रम प्रवर्तन अधिकारी इंदु भूषण ने बताया व बाल संरक्षण अधिकारी इकबाल हैदर ने बताया कि बालश्रम मुक्तिकरण अभियान के तहत 12 बाल श्रमिक मुक्त कराए गए हैं। रेस्क्यू के बाद सभी बाल श्रमिकों को शहर के हरदोई चुंगी स्थित बाल संरक्षण गृह में भेज दिया गया है।