सीतापुर। राज्य ग्रामीण आजीविका मिशन की ओर से गठित समूहों की महिलाओं को कृषि सखी के रूप में तैनात किया गया है। इन्हें कृषि संबंधी कार्यों को प्रशिक्षण दिया गया है, अब यह सखियां किसानों के खेत की मिट्टी की सेहत की जांच के लिए सैंपल ले रही हैं। इससे इन्हें लाभ भी हो रहा है। प्रति सैंपल निर्धारित धनराशि कृषि विभाग की ओर से दी जा रही है।
अभी तक 96 कृषि सखियों ने मिट्टी के 4800 नमूने लिए हैं। महिला स्वयं सहायता समूह की सदस्यों की आजीविका को सुदृढ़ करने के लिए उन्हें कई कार्यों की जिम्मेदारी दी गई है। इसी के तहत कृषि आजीविका सखी चयनित की गई हैं। इन्हें बेहतर ढंग से खेती बाड़ी करने का प्रशिक्षण केवीके कटिया में दिया गया है।
कृषि विभाग की ओर से 96 कृषि सखियों को किसानों के खेतों से मिट्टी के नमूने एकत्र करने की जिम्मेदारी दी गई, जिससे मिट्टी की सेहत की जांच हो सके और किसान उसी के अनुरूप फसल चक्र अपनाकर बेहतर फसलोत्पादन कर सकें। उप कृषि निदेशक डाॅ. एसके सिंह ने बताया कि 96 कृषि सखियों ने मिट्टी के 4800 नमूने लिए हैं। इनकी जांच प्रयोगशाला से कराई जा रही है।