सीतापुर। खैराबाद स्थित भूमिजा बहुउद्देश्यीय हाल में बुधवार को विधान परिषद की दैवीय आपदा प्रबंधन जांच समिति की समीक्षा बैठक हुई। समिति के अध्ययन भ्रमण कार्यक्रम के तहत विशेष कार्यशाला में दैवीय आपदाओं से बचाव की रणनीति बनाए जाने के लिए जिम्मेदारों को निर्देशित किया गया।
समिति के सभापति अवनीश सिंह (सदस्य विधान परिषद), एमएलसी उमेश द्विवेदी, अंगद सिंह व राम सूरत राजभर ने पिछले तीन वित्तीय वर्षाें में आपदा व राहत से जुड़े कार्याें के संबंध में जानकारी ली। साथ ही आपदाओं के न्यूनीकरण व बचाव की रणनीति बनाने की जरूरत भी जताई। इस अवसर पर समिति ने पौधरोपण कर पर्यावरण संरक्षण का संदेश भी दिया। कार्यशाला में आपदाओं से बचाव, राहत कार्यों की रणनीति, प्राथमिक चिकित्सा व सरकारी योजनाओं के क्रियान्वयन पर विस्तार से चर्चा हुई।
मौजूद विशेषज्ञों ने आग, बाढ़, भूकंप, बिजली गिरने और अन्य प्राकृतिक आपदाओं से बचाव व सुरक्षा से जुड़े उपायों के बारे में जानकारी दी। साथ ही चोट या आपदा की स्थिति में प्राथमिक उपचार के तौर-तरीकों को भी समझाया गया। मौजूद अफसरों ने कृषि व बागवानी फसलों के नुकसान की भरपाई के लिए सरकार के स्तर पर संचालित राहत योजनाओं के बारे में विस्तार से बताया।
कार्यशाला में यातायात सुरक्षा पर विशेष ध्यान देने की जरूरत जताते हुए वाहन चालकों से ट्रैफिक नियमों के पालन की अपील भी की गई। इस अवसर पर जिलाधिकारी अभिषेक आनंद, पुलिस अधीक्षक चक्रेश मिश्र, प्रभागीय वनाधिकारी, सीडीओ, एडीएम राजस्व सहित अन्य विभागीय अधिकारी व जनप्रतिनिधि मौजूद रहे।
नैमिषारण्य के देवताओं से की प्रार्थना
समिति के सदस्यों ने नैमिषारण्य के सभी देवी-देवताओं से प्रार्थना की कि देश में किसी भी तरह की दैवीय आपदा न आए। देश के सभी नागरिक सुखी रहें और प्रदेश उन्नति की राह पर अग्रसर रहे।