सीतापुर। यूपी बोर्ड परीक्षा के पहले दिन सोमवार को 4,755 विद्यार्थियों ने परीक्षा छोड़ दी। कुल पंजीकृत 89,043 परीक्षार्थियों में से 86,125 ने पहला पेपर दिया। पहले दिन इंटर के 1837 परीक्षार्थी केंद्रों पर नहीं पहुंचे। वहीं, हाईस्कूल के 2918 छात्र-छात्राएं अनुपस्थित रहे।
यूपी बोर्ड परीक्षा के पहले दिन सोमवार को हाईस्कूल और इंटरमीडिएट का हिंदी का पेपर था। सोमवार को पहली पाली में सुबह आठ बजे से हाईस्कूल की परीक्षा में हिंदी विषय का पेपर हुआ। जिले के 146 केंद्रों पर शुरू हुई परीक्षा के लिए हाईस्कूल में कुल 47,311 परीक्षार्थी पंजीकृत थे, जिनके सापेक्ष 44,393 परीक्षार्थी ही परीक्षा देने पहुंचे। वहीं, 2918 छात्र-छात्राओं ने किन्हीं कारणों के चलते परीक्षा छोड़ दी। दूसरी पाली दोपहर दो बजे शुरू हुई। इस पाली में इंटरमीडिएट की सामान्य हिंदी व साहित्यिक हिंदी के 41,311 परीक्षार्थियों को पेपर देना था, जिसमें से 39,895 छात्र-छात्राओं ने इम्तिहान दिया। वहीं, 1837 परीक्षार्थी अनुपस्थित रहे।
दौड़ती रहीं मजिस्ट्रेट की गाड़ियां, उड़नदस्तों ने भी लिया जायजा
जिले के 146 सेंटरों पर परीक्षा के दौरान मजिस्ट्रेटों की गाड़ियां विभिन्न सेंटरों पर पहुंचीं और वहां परीक्षा का जायजा लिया। बता दें कि केंद्रों की निगरानी के लिए 146 स्टेटिक मजिस्ट्रेट, 7 जोनल मजिस्ट्रेट, 12 सेक्टर मजिस्ट्रेट तैनात किए गए हैं। वहीं, छह सचल दलों ने भी सेंटरों का आकस्मिक निरीक्षण कर परीक्षा की शुचिता की जांच की।
अति संवेदनशील केंद्र पर एक होमगार्ड ही रहा तैनात
बता दें कि जिले में बनाए गए 146 परीक्षा केंद्रों में से 13 केंद्र संवेदनशील तथा दो केंद्रों को अति संवेदनशील की श्रेणी में रखा गया है। पिसावां थाना क्षेत्र के अति संवेदनशील परीक्षा केंद्र श्रीमती शांती देवी शिक्षण संस्थान खर्जुना में सुरक्षा व्यवस्था के लिए मात्र एक होमगार्ड की तैनाती की गई थी। इस संबंध में केंद्र व्यवस्थापक देवेंद्र कुमार वर्मा ने बताया कि अति संवेदनशील केंद्र पर चार पुलिसकर्मियों की तैनाती होनी चाहिए, लेकिन उनके यहां सुबह की पाली में एक होमगार्ड की मौजूद था। वहीं, एसओ पिसावां वीरेंद्र सिंह ने बताया कि एक सिपाही व एक होमगार्ड की रवानगी की गई थी, थाने पर फोर्स काफी कम है।
जेंडर चेंज परीक्षार्थियों को भी समय से दिलाई गई परीक्षा
रामपुर मथुरा। बोर्ड परीक्षा में जेंडर मिस्टेक के कारण कई छात्रों को 10 से 15 किमी की दूरी तय कर परिवर्तित केंद्र पर जाना पड़ा। रामपुर मथुरा, बकहुंआ स्थित परीक्षा केंद्रों के कुछ छात्रों को बांसुरा व गोंडादेवरिया स्थित परीक्षा केंद्र तक दौड़ना पड़ा। वहीं जिला विद्यालय निरीक्षक राजेंद्र सिंह द्वारा ऐसे छात्रों की परीक्षा में व्यवधान न आए इसको लेकर संबंधित केंद्र व्यवस्थापकों से लगातार फोन पर जानकारी लेकर दिशा-निर्देश दिए गए।