सीतापुर। जिले में बॉम्बिटेक्स क्रिप्टोकरेंसी व फॉरेक्स ट्रेडिंग के नाम पर ठगी की जांच तेजी से आगे बढ़ रही है। स्थानीय पुलिस व साइबर सेल भी इस ठगी के अतीत के पन्ने खंगाल रही है। इस दौरान जांच अधिकारी कंपनी के काम काज के तरीके की जानकारी करने के साथ उनके ऑनलाइन नेटवर्क को भी खंगाल रहे हैं। शहर कोतवाल अनूप शुक्ला ने बताया कि अब तक 30 लोगों ने ठगी की एफआईआर दर्ज कराई है।
पीड़ित विराट राठौर के अनुसार इस कंपनी के सीईओ जय प्रकाश मौर्या का काम करने का अंदाज एकदम अलग था। वर्ष 2024 में जय प्रकाश मौर्या ने वैदेही वाटिका के पास एक निजी प्रतिष्ठान में अपना सेमिनार किया। इसके बाद सीतापुर बाईपास स्थित एक अन्य निजी प्रतिष्ठान में बॉम्बिटेक्स ट्रेडिंग के विषय में सेमिनार किया। इसमें सभी को जल्द अमीर बनने का सपना दिखाया। बताया कि इस कंपनी के दो वेबपेज सक्रिय थे। इनमें एक बॉम्बिटेक्स डॉट कॉम और दूसरा बीमैक्स रियल्टी डॉट कॉम था। जालसजों ने सेमिनार के दौरान सबको बताया था कि इस वेबपेज पर पंजीकरण निशुल्क है। जब कोई व्यक्ति इनमें से किसी एक पेज पर पंजीकरण कर लेता था तो उसे एक 12 अंकों का यूजर आईडी दिया जाता था। इसके साथ एक पासवर्ड भी होता था। इसी का इस्तेमाल कर प्रत्येक निवेशक अपनी जमा पूंजी की प्रगति देखता था। जय प्रकाश मौर्या का रिश्तेदार व कंपनी में निदेशक देवेंद्र मौर्या उनके झांसे में आए लोगों को अलग अलग बैंक अकाउंट नंबर देकर कैश जमा करने को कहता था। जब निवेशक कैश जमा कर रसीद उसे व्हाट्सएप करता था तो उसे कंपनी के वेबपेज पर अपने पैसे की ग्रोथ दिखाई जाती थी।
ईओडब्ल्यू भी शुरू करेगी जांच
तीन हजार लोगों से पचास करोड़ से अधिक की इस ठगी मामले की जांच जल्द आर्थिक अपराध शाखा यानि ईओडब्ल्यू शुरू कर सकती है। इस कंपनी का सीईओ जय प्रकाश मौर्या दुबई भाग गया है। ऐसे में देश में उसके कनेक्शन के साथ विदेशी कनेक्शन की भी पड़ताल की जाएगी।