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Sitapur News: महंगी दरों पर यूरिया खरीदने के लिए विवश किसान

Mon, 24 Aug 2026 01:12 AM IST
लखनऊ ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, सीतापुर
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रामपुर मथुरा। ऑनलाइन बुकिंग व्यवस्था के बाद भी उर्वरक विक्रेताओं ने यूरिया की कालाबाजारी करने का तरीका खोज लिया है। कालाबाजारी करने वाले निरक्षर किसानों को माध्यम बनाकर अपने मंसूबों को आसानी से पूरा कर रहे हैं। किसानों को 266-67 रुपये के बजाय 400 रुपये में यूरिया मिलती है।
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दरअसल, ज्यादातर किसान अनपढ़ या ऑनलाइन बुकिंग व्यवस्था के जानकार नहीं है। ऐसे में दुकानदार उनकी खाद बुक करते हैं। उनके नाम ऑनलाइन जितनी अधिकतम खाद बुक हो सकती है, कर दी जाती है। किसान को इसकी जानकारी नहीं होती है। यदि किसी किसान को पता चल गया तो उसे बताया जाता है कि आवंटित खाद पूरे सीजन में मिलेगी। एक साथ नहीं मिलेगी।

किसान जब खाद लेने पहुंचता है तो स्टॉक न होना बता दिया जाता है। इस प्रकार ज्यादातर स्टॉक भौतिक रूप से बच जाता है। इसी खाद को ब्लैक में बेच दिया है। नाम न छापने की शर्त पर एक उर्वरक विक्रेता ने बताया कि हमें महंगे रेट पर यूरिया मिल रही है। किराया लगाने के बाद सरकारी रेट पर देना नामुमकिन है।
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उर्वरक खरीद कर घर ले जा रहे किसान राममोहन ने बताया कि क्षेत्र के सभी दुकानदार 400 से 450 रुपये प्रति बोरी की दर से यूरिया बेच रहे हैं। हम अब तक पांच बोरी यूरिया ब्लैक में लेकर खेत में डाल चुके हैं। किसान शिवमंगल, मिश्रीलाल व फौजदार ने बताया कि करीब दो माह से दिन में तीन बार यूरिया बुक करने के लिए प्रयास कर रहा हूं, लेकिन बहादुरगंज व रामपुर मथुरा क्षेत्र की किसी भी दुकान पर स्टॉक नहीं दिखाई दे रहा है।

दुकानदार बैक डोर से 450 रुपये की यूरिया की बोरी तुरंत दे रहा है। किसान छेगा, रामलाल, कल्लू ने बताया कि इस वक्त धान व गन्ना सहित सभी फसलों के लिए यूरिया की जरूरत है। ऑनलाइन देखने पर क्षेत्र में किसी भी दुकान पर स्टॉक नहीं है। ऐसे में किसान कालाबाजारी में यूरिया खरीदने के लिए विवश हैं।
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