पुराने सीतापुर में बिजली के तार सही करते बिजली कर्मचारी। संवाद
सीतापुर। जिले में शनिवार देर रात तक हुई बारिश के चलते रविवार सुबह बिजली आपूर्ति व्यवस्था बेपटरी हो गई। शहर सहित ग्रामीण इलाके में तार टूटने, जंफर उड़ने व अन्य फॉल्ट के चलते करीब 1800 गांवों की बिजली आपूर्ति ठप हो गई। फॉल्ट के चलते 30 फीडर बंद रहे। शहर में करीब छह घंटे बाद आपूर्ति बहाल हो गई। गांवों में रविवार देर शाम तक मरम्मत का काम चलता रहा। लंबी कटौती से उपभोक्ताओं को काफी दिक्कत हुई।
भवानीपुर व पुराने सीतापुर उपकेंद्र से जुड़ी मुख्य एचटीलाइन में रविवार सुबह पांच बजे फॉल्ट आ गया। लोधौरा के पास जंफर उड़ गया। हरदोई रोड पर तार टूट गए, इससे आपूर्ति ठप हो गई। सुबह के समय घरों में बिजली न होने से उपभोक्ताओं की दिनचर्या प्रभावित हुई। पानी का संकट खड़ा हो गया।
उपभोक्ताओं ने अफसरों से शिकायत की तो लाइन में फॉल्ट आने की बात सामने आई। करीब 11 बजे शहर में आपूर्ति बहाल हो गई।
खैराबाद विकासखंड के बरई जलालपुर विद्युत उपकेंद्र से जुड़े 118 गांव की बिजली आपूर्ति ठप हो गई। उपकेंद्र के कर्मचारियों ने बताया कि इन गांवों में मात्र तीन लाइनमैन हैं। इतनी बड़ी बिजली लाइन पर पेट्रोलिंग करने में समय लग रहा है। रामपुर मथुरा उपकेंद्र से जुड़े करीब चार सौ गांवों में आपूर्ति ठप हो गई।
बिजली विभाग के कर्मचारी लाइन दुरुस्त करने में जुटे रहे। दोपहर बाद करीब दो सौ गांवों में आपूर्ति बहाल हुई लेकिन कुछ ही देर बाद फिर से ठप हो गई। रेउसा उपकेंद्र से जुड़े 300 गांवों में छह घंटे आपूर्ति बंद रही। सिधौली, मिश्रिख व पिसावां उपकेंद्र से जुड़े करीब छह सौ गांवों में फॉल्ट की वजह से देर शाम तक आपूर्ति बहाल नहीं हो पाई। लहरपुर व तंबौर उपकेंद्र से जुड़े करीब चार सौ गांवों में भी बारिश के चलते बिजली आपूर्ति बाधित हो गई।