मिश्रिख (सीतापुर)। मिश्रिख में नवनिर्मित पतौंजा उपकेंद्र से अब सीधे पांच फीडर जुड़ जाएंगे। इससे मिश्रिख, नैमिषारण्य, मछरेहटा इलाके की बेहाल विद्युत आपूर्ति व्यवस्था पटरी पर आ जाएगी। नई विद्युत लाइन बिछने के बाद सोमवार से यह फीडर शुरू हो जाएंगे। इससे करीब 1.50 लाख विद्युत कनेक्शनधारक उपभोक्ताओं को बेहतर विद्युत आपूर्ति की सौगात मिलेगी।
मिश्रिख तहसील इलाके की विद्युत आपूर्ति व्यवस्था बहुत ही खराब चल रही है। रोजाना कहीं न कहीं पर विद्युत फॉल्ट आ जाती है। यहां पर सीधे हुसैनगंज विद्युत उपकेंद्र से आपूर्ति की जाती है। मिश्रिख से हुसैनगंज उपकेंद्र की दूरी करीब 40 किलोमीटर है। इतनी लंबी दूरी होने के कारण यह विद्युत लाइन जंगलों से होकर गुजरी है। इसकी वजह से कहीं न कहीं पर फॉल्ट आ जाती है। फॉल्ट को तलाशकर बनाने में काफी समय लगता है। जबकि मिश्रिख से मछरेहटा, नैमिषारण्य व कस्बे को आपूर्ति मिलती है।
इस समस्या को देखते हुए शासन ने पतौंजा गांव में नया विद्युत उपकेंद्र बनाने की मंजूरी दी थी। दो साल में यह बनकर तैयार हो गया था। अप्रैल 2020 में इसकी शुरुआत होनी थी। लेकिन कोविड-19 के कारण यह उपकेंद्र शुरू नहीं हो सका था। उसके बाद पॉवर कॉर्पोरेशन ने प्रयास करके 15 अगस्त को इसकी शुरुआत कर दी थी। फिर भी इस उपकेंद्र से केवल नैमिषारण्य का ग्रामीण इलाका ही जुड़ सका था। इससे अन्य फीडर का कोई लाभ नहीं मिल रहा था। अब इन सभी जगहों की विद्युत लाइन बनकर तैयार हो गई है। सोमवार से यह शुरू हो जाएगी। इससे करीब 1.50 लाख विद्युत कनेक्शनधारकों को इसका फायदा मिलेगा।
अवर अभियंता अमरीश कुमार ने बताया पतौंजा उपकेंद्र से पांच नए फीडर जोड़े जाएंगे। जिसमें अब तक केवल नैमिषारण्य ग्रामीण इलाका ही जुड़ सका है। अब जब लाइन बनकर तैयार हो गई है तो इस उपकेंद्र से मिश्रिख कस्बा व ग्रामीण इलाका, नैमिषारण्य कस्बा व ग्रामीण इलाका व मछरेहटा इलाके का फीडर जुड़ जाएगा। इससे इन सभी जगहों पर लो वोल्टेज व ट्रिपिंग की समस्या से निजात मिल जाएगी।
एसडीओ ज्ञानेश कुमार ने बताया कि नई विद्युत लाइन बनकर तैयार हो गई है। सोमवार से यह विद्युत लाइन शुरू हो जाएगी। इससे मिश्रिख इलाके की आपूर्ति पटरी पर आ जाएगी।