डकैती के बाद घर में बचा सामान देखता ग्रामीण।
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इमलिया सुल्तानपुर थाना क्षेत्र के हेमपुर गांव में डकैतों ने बुधवार रात प्रधान व उसके भाई के घर धावा बोल नकदी व जेवर आदि लूट लिए। विरोध करने पर बदमाशों ने उनकी पिटाई भी की। बदमाशों ने पड़ोस के राजेपुर गांव में भी एक महिला के घर धावा बोला, लेकिन वहां लूटपाट नहीं कर सके। हालांकि पुलिस घटना को रंजिश बता रही है। एसओ का कहना है कि मामले की जांच कर कार्रवाई की जाएगी।
हेमपुर व उसके मजरा राजेपुर में बुधवार रात करीब 12 डकैतों ने धावा बोल दिया। हेमपुर गांव के प्रधान खंजन व उसके भाई भगवानी के घर गांव के बाहर बने हैं। वारदात के वक्त बेटे गांव के बाहर बने मकान में थे। परिवारीजनों के मुताबिक देर रात तीन बजे असलहों से लैस 12 डकैत अंदर घुस आए। इन लोगों ने परिवार के लोगों को एक कमरे में बंद कर दिया और सभी के मोबाइल छीन लिए।
प्रधान के पुत्र अरविन्द ने विरोध किया तो असलहों के बट से उस पर प्रहार कर दिया। घर की महिलाओं से जेवर व दो हजार नकदी छीन ली। संतोष के मुताबिक डकैत प्रधान को जान से मारने की बात कह रहे थे। भगवानी ने बताया कि घर में बेटी भी आई थी जिसके जेवर, 19 हजार रुपये भी उठा ले गए। यहां घटना को अंजाम देने के बाद डकैतों ने पड़ोस के गांव राजेपुर में हरदयाल की पत्नी के घर धावा बोला।
महिला द्वारा विरोध करने पर उसकी पिटाई की और बक्सा उठा ले गए। बक्से में हजारों के जेवर आदि थे। ग्राम प्रधान खंजन ने बताया कि चुनाव के बाद से ही उसे मार डालने की कोशिश की जा रही है। जिसके चलते पुराने घर में रहता हूं। पीड़ितों ने बताया कि इमलिया सुल्तानपुर थाना पुलिस को सूचना दे दी गई है। आरोप है कि केस दर्ज नहीं किया गया। थानाध्यक्ष बेनी माधव त्रिपाठी ने बताया कि मामला रंजिश का है।